Oct 28, 2011

प्यार के कागज़ पे-जिगर १९९२

आपको फिल्म जिगर से एक उदास गीत सुनवाया था पहले-पंकज उधास
की आवाज़ वाला। आइये इस फिल्म से एक सुपर हिट गीत सुना जाये। जिस
गीत में ख़त-कोरियर इत्यादि का जिक्र हो वे बेहद बजा करते हैं। इसका फंडा
मुझे समझ नहीं आया आज तक।


गीत फिल्माया गया है करिश्मा कपूर और अजय देवगन पर। अभिजीत और
साधना सरगम के गाये इस गीत को लिखा है समीर ने और इसकी धुन के
जिम्मेदार हैं आनंद-मिलिंद। राशन के हिसाब वाले अंदाज़ में नायिका ख़त
लिख रही है। लिखने की गति ही ऐसी है उसकी ! कलम मुंह में डालने से
सबको ये सीख लेना चाहिए कि वो चूसने के काम ही आती है। उसको चूसने
से बंद दिमाग के दरवाजे खुल जाते हैं।



गीत के बोल:


प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
पहली बार सलाम लिखा
पहली बार सलाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा

प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
पहली बार सलाम लिखा
पहली बार सलाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा

यादों में दिन काटती थी
और ना गुजरती थी रातें
यादों में दिन काटती थी
और ना गुजरती थी रातें
कैसे भाला मैं बताऊँ
तुझको जुदाई की बातें
रंग लायी बेकरारी ऐसी
छायी थी खुमारी
मैंने सुबह को शाम लिखा
मैंने सुबह को शाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा

तेरे गुलाबी लबों से
शबनम के दाने चुराऊँ
तेरे गुलाबी लबों से
शबनम के दाने चुराऊँ
जो बात ख़त में लिखी ना
आ जा तुझे मैं बताऊँ
यूँ ही आहें भरते भरते
तौबा मैंने डरते डरते
उल्फत का पयाम लिखा
उल्फत का पयाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा

अच्छा नहीं यूँ तडपाना ऐसे मिटेगी ना दूरी
अच्छा नहीं यूँ तडपाना ऐसे मिटेगी ना दूरी
शहनाई जिस दिन बजेगी हर आरजू होगी पूरी
प्यास अपनी कब बुझेगी जाने डोली कब सजेगी
रब ने क्या अंजाम लिखा
रब ने क्या अंजाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा

प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
प्यार के कागज़ पे दिल की कलम से
पहली बार सलाम लिखा
पहली बार सलाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
मैंने ख़त महबूब के नाम लिखा
.................................................
Pyar ke kagaz pe-Jigar 1992

Artists: Ajay Devgan, Karishma Kapoor

2 comments:

शैलजा,  February 10, 2018 at 6:38 PM  

पार्सल शब्द अटपटा सा लगता है वरना उस पर भी हिट गीत बन जाते

Geetsangeet March 14, 2018 at 7:31 PM  

नहीं जी बिलकुल हैं. उसके साथ तो उसल-मीसल की तुकबंदी बड़े
आराम से हो सकती है.

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