August 30, 2016

कभी तुमने किसी को फाँसा-ज्वालामुखी १९८०

किसी किसी फिल्म को देख के लगता है ४-५ फ़िल्मी डिश का मिश्रण
है, खैर... आज सुनते हैं फिल्म ज्वालामुखी से एक गीत आशा भोंसले
और किशोर कुमार का गाया हुआ. इसे अनजान ने लिखा है और इसका
संगीत बनाया है कल्याणजी आनंदजी ने.

हमारे एक मित्र हैं/थे जो ‘ज’ को ‘ज़’ लिखते-J को Z. इस फिल्म का नाम 
वे कुछ यूँ लिखते-Zwalamukhi. और भी बहुत से काम करते थे वो. जहाँ
जहाँ ‘ज’ आता उस-उस जगह की ऐसी-तैसी तबियत से करते. उनका
शायद ये मानना था कि ‘ज’ जबरन ठूंसा गया है वर्णमाला में. वैसे वे थे
बहुत फुर्तीले-सारे काम zatpat करने में विश्वास करते थे. पेट साफ़ नहीं
होता तो वे zulaab ले लिया करते थे.



गीत के बोल:

कभी तुमने किसी को फाँसा कभी हमने किसी को फाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा
कभी तुमने किसी को फाँसा कभी हमने किसी को फाँसा
कभी तुमने किसी को फाँसा कभी हमने किसी को फाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

क्यों प्यार में करना धोखा क्यों यार को देना झाँसा
क्यों प्यार में करना धोखा क्यों यार को देना झाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

हे दौलत से तौल कर
दौलत से तौल कर दिल का ना मोल कर
क़ीमत क्या प्यार की लोग चुकाएँगे
सौदा तो हो चुका
सौदा तो हो चुका दिल से दिलदार का
सौदाई प्यार के हाथ न आएँगे
वो कैसे जीते बाज़ी जो फेंके उल्टा पांसा
वो कैसे जीते बाज़ी जो फेंके उल्टा पांसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

कभी तुमने किसी को फाँसा कभी हमने किसी को फाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

सोने की धूप ये
अरे सोने की धूप ये चाँदी की चाँदनी
दुनिया में प्यार को रास नहीं आए
हीरे के नूर से
हीरे के नूर से मोती की आब से
दीवाने प्यार की प्यास न बुझ पाए
है प्यास जिसे दौलत की दुनिया में मरे वो प्यासा
है प्यास जिसे दौलत की दुनिया में मरे वो प्यासा

ये प्यार की सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

क्यों प्यार में करना धोखा क्यों यार को देना झाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

हे शादी की बात
शादी की बात क्या गुड़ियों का खेल है
रूहों का मेल है ये तो जान-ए-जाँ
ग़ैरों के हाथ में
ग़ैरों के हाथ में दे दूं ये हाथ क्यों
मानूँ वो बात जो दिल माने ना
जो आप हो दिल का दुश्मन दे उसको कौन दिलासा
जो आप हो दिल का दुश्मन दे उसको कौन दिलासा

ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा

कभी तुमने किसी को फाँसा कभी हमने किसी को फाँसा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा
ये प्यार में सौदेबाज़ी तमाशा है तमाशा
तमाशा है तमाशा
तमाशा है तमाशा
…………………………………………………………….
Kabhi tumne kisi ko phansa-Jwalamukhi 1980

Artists: Shatrughan Sinha, Reena Roy

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