November 1, 2016

चांदनी रात में एक बार तुझे-दिल-ए-नादान १९८२

एक दिल-ए-नादान का हाल-ए-बयां  था शकील बदायूनीं का
और एक है नक्श लायलपुरी का. पहले वाला १९५३ में आया
था, दूसरा १९८२ में अवतरित हुआ.

ये है राजेश खन्ना और जया प्रदा अभिनीत फिल्म से एक
मधुर युगल गीत किशोर और लता का गाया हुआ. इसके
संगीतकार हैं खय्याम.

यू ट्यूब पर कई कौवे उड़ाने वाली स्टाइल के गायन वाली
क्लिप भी हैं. इसी गाने का एक वर्ज़न है इधर क्लिक करें.





गीत के बोल:


चाँदनी रात में
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है
ख़ुद पे इतराते हुए ख़ुद से शर्माते हुए
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है

नीले अम्बर पे कहीँ झूले में
सात रँगों के हसीन झूले में
नाज़-ओ-अंदाज़ से
नाज़-ओ-अंदाज़ से लहराते हुए
ख़ुद पे इतराते हुए ख़ुद से शर्माते हुए
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है

जागती थी ले के साहिल पे कहीं
ले के हाथों में कोई साज़-ए-हसीं
एक रँगीन ग़ज़ल
एक रँगीन ग़ज़ल गाते हुए
फूल बरसाते हुए प्यार छलकाते हुए
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है

खुल के बिखरे जो महकते गेसू
घुल गई जैसे हवा में ख़ुशबू
मेरी हर साँस को
मेरी हर साँस को महकाते हुए
ख़ुद पे इतराते हुए ख़ुद से शर्माते हुए
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है

तूने चहरे पे झुकाया चेहरा
मैंने हाथों से छुपाया चेहरा
लाज से शर्म से
लाज से शर्म से घबराते हुए
फूल बरसाते हुए प्यार छलकाते हुए
चाँदनी रात में एक बार तुझे देखा है
एक बार तुझे देखा है
चाँदनी रात में
.......................................................................
Chandni raat mein ek baar tujhe-Dil-e-nadaan 1982

Artists: Rajesh Khanna, Jaya Prada

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