माटी रे माटी रे -गॉड मदर १९९८
आपने फिल्म माचिस का "पानी पानी रे " सुना। अब सुनिए "माटी रे माटी रे"
इन पर्यावरण प्रेमी गीतों का संगीत तैयार किया है विशाल भरद्वाज ने। फिल्म माचिस
का गीत गुलज़ार का लिखा हुआ है। उन्हें दोनों गीतों के गायन के लिए सबसे उपयुक्त
लता मंगेशकर ही लगीं। गौरतलब है कि लता ने ९० के दशक के उत्तरार्ध में गायन
काफी कम कर दिया था।
प्रस्तुत गीत जावेद अख्तर का है और इसके लिए उन्हें राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त हुआ
सन १९९९ में। गीत का विडियो पूरी कहानी की तरह है और गीत खत्म होने के बाद
इसमें हिंसक दृश्य भी शामिल हैं। फिल्म में शबाना आज़मी गॉड मदर की भूमिका
में हैं।
गीत के बोल:
माटी रे माटी रे माटी रे माटी रे
रुत आए दिन आए जो आए दुख लाए
देख ले हमने कैसे उमरिया काटी रे
माटी रे माटी रे
माटी रे माटी रे
देस छूटा गांव छूटा छूटे घर आंगन
काट ही डाले दुखो ने जन्मों के बंधन
दर्द ने ही दिल की खाई पाटी रे
माटी रे माटी रे
माटी रे माटी रे
घात कैसी कर गया मुझसे मेरा जीवन
किसका मुख दिखला रहा है तुझको ये दर्पण
हो गई कैसे मैं इतनी नाटी रे
माटी रे माटी रे
माटी रे माटी रे
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Maati re maati re-God Mother 1998

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