Showing posts with label Zila Ghaziabad. Show all posts
Showing posts with label Zila Ghaziabad. Show all posts

Jul 5, 2017

तोड़ के गिल्ली-जिला ग़ाज़ियाबाद २०१३

शहरों के नाम पर तो फ़िल्में बहुत बनीं मगर जिले के नाम पर
शायद ये पहली हिंदी फिल्म है. हो सकते है आगे आने वाले
समय में प्रदेश के नामों वाली फ़िल्में भी बनें. एक तो आ ही
चुकी है-उड़ता पंजाब.

जिला ग़ाज़ियाबाद २०१३ की फिल्म है.

गीत के बोल शब्बीर अहमद के हैं और सुखविंदर ने इसे गाया
है अमजद नदीम की धुन पर.



गीत के बोल:

तोड़ के गिल्ली हाय अरे छोड़ के कंचा
तोड़ के गिल्ली छोड़ के कंचा थाम लिया जी तमंचा
तोड़ के गिल्ली छोड़ के कंचा थाम लिया जी तमंचा
गुर्राऊं इल्झाऊं कब्जे में किसी के ना आऊं
गाऊं बजाऊं बे बात डंडा उठाऊं
अरे सबसे पहले हम हैं और सब हैं हमरे बाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
गुर्राऊं इल्झाऊं कब्जे में किसी के ना आऊं
गाऊं बजाऊं बे बात डंडा उठाऊं
अरे सबसे पहले हम हैं और सब हैं हमरे बाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद

खून के छींटे
खून के छींटे ऐसे उड़ें जैसे होली में उड़े गुलाल
हो जाए नहर का पानी लाल
सांड जैसे रौंदे खेत खलिहान
बेख़ौफ़ हैं मेरे जलवे
बेख़ौफ़ हैं मेरे जलवे, चाक़ू से खुजाऊं तलवे
घर घर गरजे बर बर बरसे तेजाब आसमान से
गाऊं बजाऊं बे बात डंडा उठाऊं
अरे सबसे पहले हम हैं और सब हैं हमरे बाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद

दौड़ा के मारें
दौड़ा के मारें शिकारी जैसे भाग भाग तू जान बचा के
भाग ना लगे वर्दी पे खून के दाग
कद लम्बा सीना चौड़ा
कद लम्बा सीना चौड़ा पड़े घूंसा जैसे हथौड़ा
झट मुंह सूजे कुछ ना बूझे, पतलून होवे गिल्ली
गुर्रावे रिझावे कब्जे में किसी के ना आवे
गावे बजावे बे बात डंडा उठावे
अरे सबसे पहले हम हैं और सब हैं हमरे बाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
ये है जिला ग़ाज़ियाबाद ये है जिला ग़ाज़ियाबाद
…………………………………………………………..
Ye hai jila Ghaziabad-Zila Ghaziabad 2013

Read more...
© Geetsangeet 2009-2020. Powered by Blogger

Back to TOP