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Oct 20, 2016

किधर है तू ए मेरी तमन्ना-कुरुक्षेत्र १९४५

विंटेज संगीत की तरफ एक बार फिर लौटते हैं. आज हम सुनेंगे
फिल्म कुरुक्षेत्र का गीत कुंदनलाल सहगल का गाया हुआ.
जमील मजहरी के बोल हैं और पंडित गणपत राव का संगीत.
कुरुक्षेत्र नाम से सन १९३३ में भी एक फिल्म बनी थी.

फिल्म का निर्देशन रामेश्वर शर्मा ने किया था. इस फिल्म में
सहगल के अलावा राधा रानी, शांति, अजीत और आगा नाम
के कलाकार भी मौजूद हैं.





गीत के बोल:

किधर है तू ए मेरी तमन्ना
किधर है तू ए मेरी तमन्ना
चिराग अजिल था मेरे जला जा
मेरे अंधेरे की रोशनी बन
मेरे अंधेरे की रोशनी बन
इस उजड़ी मन्दिर में मेरी आ जा

मेरे गुलिस्ताँ के लाला-ओ-गुल
गये हैं मुद्दतें गुलफ़तना
ओ मेरे गुलशन में मेरी देवी
ओ मेरे गुलशन में मेरी देवी
फिर आ के इक बार मुस्कुरा जा

हवा रुकी है इसे तलक़ दे
बुझे हैं शोले इन्हें लपक दे
खिज़ा पे बेचैनियाँ छिड़क दे
इक आग सी हर तरफ़ लगा जा

किधर है तू ए मेरी तमन्ना
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Kidhar hai too ae meri-Kurukshetra 1945

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