हमको हमीं से चुरा लो-मोहब्बतें २०००
हो ऐसा नहीं हो सकता, ऐसा मैंने कहीं पढ़ा और उसके बाद
पाया लगभग हर फिल्म में चाहे शीर्षक में ही हो, लता की
आवाज़ ज़रूर मिलेगी आपको. फिल्म दीवार(१९७५) में लता का
कोई गाना नहीं है, उस फिल्म का निर्देशन यश चोपड़ा ने किया
था मगर उसके निर्माता गुलशन राय थे.
ये फेनोमेना आपको यशराज फिल्म्स के बैनर के तहत बनी
फिल्मों में मिलेगा. सन १९६५ की सफल फ़िल्म वक्त के निर्माता
बी आर चोपड़ा थे, उस फ़िल्म में लता की आवाज़ में कोई गीत
नहीं है.
हिंदी फ़िल्म सिनेमा के सबसे सफल निर्देशक-निर्माता यश चोपड़ा
को खूब यश मिला और खूब पुरस्कार भी मिले. यशराज फिल्म्स
ने नयी पीढ़ी को आगे बढ़ाने का जो काम किया वो सराहनीय है
और इसके चलते हमें कई नए प्रतिभावान निर्देशक, नायक नायिकाएं
देखने को मिले.
प्रस्तुत गीत आनंद बक्षी का लिखा हुआ है और इसके संगीतकार हैं
जतिन ललित. इसे लता मंगेशकर के साथ उदित नारायण ने गाया
है. फिल्म के २-३ गीत जो लोकप्रिय हैं ये उनमें से एक है और आज
भी कभी कभी बजता मिल जाता है. फिल्म मोहब्बतें रिलीज़ हुए पूरे
१६ साल हो गए हैं. फ़िल्म का आकर्षण बरकरार है.
गीत के बोल:
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हम अकेले खो ना जाएँ दूर तुमसे हो ना जायें
पास आओ गले से लगा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हम अकेले खो ना जाएँ दूर तुमसे हो ना जायें
पास आओ गले से लगा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
ये दिल धडका दो जुल्फें बिखरा दो
शर्मा के अपना आँचल लहरा दो
हम जुल्फें तो बिखरा दें दिन में रात ना हो जाए
हम आँचल तो लहर दें पर बरसात ना हो जाए
होने दो बरसातें करनी हैं कुछ बातें
पास आओ गले से लगा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हम अकेले खो ना जाएँ दूर तुमसे हो ना जायें
पास आओ गले से लगा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
तुमपे मरते हैं हम मर जायेंगे
ये सब कहते हैं हम कर जायेंगे
चुटकी भर सिन्दूर से तुम अब ये मांग ज़रा भर दो
कल क्या हो किसने देखा सब कुछ आज अभी कर दो
हो न हों सब राज़ी दिल राज़ी रब राज़ी
पास आओ गले से लगा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हमको हमीं से चुरा लो दिल में कहीं तुम छुपा लो
हम अकेले खो ना जाएँ दूर तुमसे हो ना जायें
पास आओ गले से लगा लो
पास आओ गले से लगा लो
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Hamko hamin se chura lo-Mohabbaten 2000

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