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Jul 9, 2017

चोली के पीछे क्या है(विनोद राठौड)-खलनायक १९९३

आपको सन १९९५ की फिल्म खलनायक से एक क्लासिक गीत सुनवाया
था. क्लासिक-सर्वमान्य परिभाषा अनुसार पन्द्रह साल पुरानी किसी भी
चीज़ को कह सकते हैं. अपने देश में कहने के बाद उस पर कोई टीका
टिप्पणी भी तो नहीं करता है इसलिए वो सर्वमान्य हो जाती है जैसे
सरकार की बनायी हुई सड़कों पर जनता लोटा ले के बैठती थी/है और
कोई रोकने टोकने वाला नहीं होता तो ये मान लिया जाता है कि यही
सर्वमान्य विधि है निपटने की. नयी पीढ़ी पुरानी को देख कर ही सीखती
है.जैसे बाप बन्दर जैसा उछल कूद करता हुआ चार चके की गाडी चलाएगा
तो ९९ प्रतिशत संभावना है उसकी औलाद उससे एक कदम आगे बढ़ के
चिम्पाजी जैसी चलाएगी.

कू कू कू हिट का मेल संस्करण सुनते हैं आज. पिछली बार हमने एक
किलो बारूद खर्च की थी पोस्ट लिखने में इस बार केवल २५० ग्राम लगा
रहे हैं. महंगाई का ज़माना है और एक पोस्ट पर हमें केवल ५० पैसे प्राप्त
होते हैं जबकि लिखने का खर्च है ५ रूपये. इसमें दिमाग लगाना, आँखें 
फोड़ना और बाकी चीज़ें शामिल नहीं हैं जैसे कम्प्यूटर की टूट फूट मरम्मत
वगैरह. 




गीत के बोल:

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू
चोली के पीछे क्या है
चोली के पीछे
चोली के पीछे क्या है
चोली के पीछे
चुनरी के नीचे क्या है
चुनरी के नीचे ?

हो, चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
ये दिल में दूँगी मेरे यार को, प्यार को
हाय
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

अरे लाखों दीवाने तेरे
लाखों दीवाने
आशिक पुराने तेरे आशिक पुराने
हो, आशिक मिला ना ऐसा
मेरी पसंद जैसा
दे दिल शहर ये ऐसा
क्या करूं क्या करूं
हाय

कू कू कू कू कू कू कू कू
कू कू कू कू कू कू कू कू

कू कू कू कू कू कू कू कू
कू कू कू कू कू कू कू कू

रेशम का लहंगा मेरा, रेशम का लहंगा
लहंगा है महंगा मेरा
लहंगा है महंगा
लहंगा उठा के चलूँ, घूँघट गिरा के चलूँ
क्या क्या बचा के चलूँ रामजी, रामजी
हाय
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू


अरे, इसको बचा लो बाबू
इस को बचा लो
दिल में छुपा लो बाबू
दिल में छुपा लो
अरे आशिक पड़े हैं पीछे
कोई इधर को खींचे
कोई उधार को खींचे
क्या करूं क्या करूं
हाय

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

शादी करा दो मेरी
शादी करा दो
डोली सजा दो मेरी डोली सजा दो
सौतन बना ना जाये
जोगन बना ना जाए
जोगन सहा ना जाए, क्या करूं,
अरे क्या करूं रे
हाय

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

अरे! लड़की हो कैसी बोलो
लड़की हो कैसी
लड़का हो कैसा बोलो
लड़का हो कैसा
हो लड़की हो तेरे जैसी
लड़का हो मेरे जैसा
ए मज़ा फिर कैसा प्यार का, प्यार का
ओ छोरी

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

बेगम बगैर बादशाह किस काम का
बादशाह बगैर बेगम किस काम की
तेरी मर्ज़ी तू जाने
मेरी मर्ज़ी मैं जानूं
मैंने जवानी तेरे नाम की, नाम की
ओ छोरी

चोली के पीछे क्या है, चोली के पीछे ?
चोली के पीछे क्या है, चोली के पीछे ?
चुनरी के नीचे क्या है, चुनरी के नीचे
हो, चोली में दिल है मेरा,
चुनरी में दिल है मेरा
हो, चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
ये दिल में दूंगा मेरे यार को, प्यार को
फुर्र
चोली में दिल है मेरा,
चुनरी में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
हे हो हाय
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
..............................................................................
Choli ke peechhe kya hai(male)-Khalnayak 1993

Artists: Sanjay Dutt, Madhuri Dixit

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May 1, 2017

पालकी में हो के सवार चली रे-खलनायक १९९३

फिल्म कोयला के गीत से एक और हीरा याद आया मेरा मतलब
गीत से है. आखिर को हीरे कोयले की खदान से निकलते हैं-ऐसा
मैंने कहीं सुना और पढ़ा है. कोयले को उछ ताप और दबाव में
रखा जाए तो वो हीरे में तब्दील हो जाता है ऐसा रसायन शास्त्र
कहता है, मैं नहीं.

सुनते हैं खलनायक से एक गीत माधुरी दीक्षित पर फिल्माया गया.
अलका याग्निक ने इसे गाया है. आनंद बक्षी और लक्ष्मी प्यारे इस
गीत के क्रमशः गीतकार और संगीतकार हैं.




गीत के बोल:

बिना बोलों के काम चला लें.
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Palki mein ho ke sawar chali re-Khalnayak 1993

Artists: Madhuri Dixit

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Nov 3, 2010

चोली के पीछे-खलनायक १९९३

कू कू कू से एक गीत और याद आया। ये गीत आपको सबसे ज्यादा
सड़कों पर, सार्वजनिक स्थलों पर बजता मिला होगा। क्यूँ ना हो इसे
बड़ी तबियत से सर्व जन के लिए ही तो बनाया गया है। १९९३ में आई
फिल्म खलनायक का ये गीत फिल्म आने के बहुत पहले से बजना
शुरू हो गया। फ़िल्मी गीतों में चोली को ज़बरदस्त पहचान इसी गीत
ने दिलाई। इस गीत के पदार्पण के पहले तक चोली शब्द का मतलब
केवल युवा और उनसे बड़ी उम्र की पीढ़ी समझा करती थी। इस गीत
ने क्रन्तिकारी काम किया और बच्चे बच्चे को इसका अर्थ समझा दिया।
आनंद बक्षी ने कभी फिल्म अमर प्रेम के गीत - 'चिंगारी कोई भड़के'
जैसे गीत लिख कर झंडे गाड़े थे। इस बार उन्होंने चिंगारी फिर भड़काई
मगर अलग अंदाज़ में और झंडे भी थोड़े बड़े साइज़ के गाड़े।

अपने समय के आइटम-सोंग्स का बाप है ये गीत। आज के समय की
फिल्मों के हिसाब से ये थोडा सोबर सुनाई पढता है । माधुरी दीक्षित के
फ़िल्मी करियर में दो ऐसे गीत हैं जिन्हें उनके सबसे लोकप्रिय गीत कहा
जा सकता है। दूसरा है फिल्म तेज़ाब का गीत 'एक दो तीन'। उल्लेखनीय
बात ये है की वो गीत भीआनंद बक्षी का लिखा हुआ है और उसकी धुन भी
लक्ष्मीकांत प्यारेलाल द्वारा बनाई गाई है। गायिका भी एक बार वही हैं-
अलका याग्निक। बस थोडा बहुत गायकों का हेर फेर हुआ है। इसमें उनके
साथ इला अरुण हुंकार भर रही हैं. फिल्म खलनायक के गीत का दूसरा
वर्ज़न गाया है विनोद राठोड़ ने। वो भी आपको सुनवायेंगे पहले इस गीत
को हजन कर लीजिये।

इला अरुण ने जितने भी गीत गाये हैं हिंदी फिल्मों के लिए, उसमे से
अधिकतर द्विअर्थी शब्द वाले हैं या यूँ कहें कि उनकी आवाज़ का हिंदी
फ़िल्मी संगीतकारों ने उपयुक्त उपयोग किया। उनकी आवाज़ में शायद
ही कोई गीत आपको रोमांटिक किस्म का मिलेगा। लगभग सारे गीत
रोमांस से एक कदम आगे वाले प्रतीत होते हैं। इला अरुण के बोलों को
परदे पर एक बोल्ड अभिनेत्री गा रही हैं जिनका नाम नीना गुप्ता है। जब
गीत के फिल्मांकन में इतना ध्यान रखा जायेगा तो वो सुपर हिट होना
ही है।

जिस ज्ञान को बड़े बड़े समय समय पर तरस गए वो ज्ञान इतना सुलभ
है इस गीत में। सालों युगों से इस बात पर शोध होता रहा कि चोली के
पीछे क्या हो सकता है। दबी जुबान से प्रश्न किये जाते रहे। पहली बार
किसी ने जोर कि हुंकार भर कर प्रश्न पूछा और ऐसा पूछा कि सभी जगह
सुनाई देने लगा। अब देखिये ना कितनी मासूमियत से नायिका जवाब
देती है-चोली में दिल है मेरा। क्रांति अलग अलग प्रकार की होती है
-अर्थ क्षेत्र की क्रांति, कृषि जगत की क्रांति, औद्योगिक क्षेत्र की क्रांति
वैसे ही ये अलग प्रकार की क्रांति है। वैसे भी कुछ 'अलग हटके' करने
का कॉपीराईट बॉलीवुड के पास ही तो है।

गीत ८ मिनट और ४१ सेकण्ड लम्बा है इसके लिए इतनी लम्बी पोस्ट
तो बनानी ही पड़ेगी ना। इससे ज्यादा की गुंजाईश नहीं है। हम उपन्यास
और कहानी के ब्लॉग पर नहीं हैं ना । फिल्म खलनायक पर बाकी की
चर्चा बाद में .......

पोस्ट  कॉपी करने के पहले एक बात जान लें, ब्लॉग की सामग्री कॉपीराईटेड
है, इसे इस्तेमाल करने या अनुवाद के पहले ब्लॉग के लेखकों की अनुमति
अनिवार्य है.



गीत के बोल:

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू
चोली के पीछे क्या है
चोली के पीछे
चोली के पीछे क्या है
चोली के पीछे
चुनरी के नीचे क्या है
चुनरी के नीचे ?

हो, चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
ये दिल में दूँगी मेरे यार को, प्यार को
आह
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

अरे लाखों दीवाने तेरे
लाखों दीवाने
आशिक पुराने तेरे आशिक पुराने
हो, आशिक मिला ना ऐसा, ह्म्म्म
मेरी पसंद जैसा ह्म्म्म
दे दिल शहर ये ऐसा
क्या करूं क्या करूं
हाय
कू कू कू कू कू कू कू कू
कू कू कू कू कू कू कू कू

कू कू कू कू कू कू कू कू
कू कू कू कू कू कू कू कू

रेशम का लहंगा मेरा, रेशम का लहंगा
लहंगा है महंगा मेरा
लहंगा है महंगा
लहंगा उठा के चलूँ, घूँघट गिरा के चलूँ
क्या क्या बचा के चलूँ रामजी, रामजी
हाय
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

अरे, इसको बचा लो बाबू
इस को बचा लो
दिल में छुपालो बाबू
दिल में छुपालो
हो, आशिक पड़े हैं पीछे, ओ हो
कोई इधर को खींचे,ह्म्म्म
कोई उधार को खींचे
क्या करूं क्या करूं
हाय
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

है! शादी करा दो मेरी, ओ हो
शादी करा दो, उंह हूँ
डोली सजादो मेरी डोली सजा दो, आह हा आह हा
सौतन बना ना जाये,
जोगन बना ना जाए
जोगन सहा ना जाए, क्या करूं, क्या करूं
हाय छोरी

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

अरे! लड़की हो कैसी बोलो
लड़की हो कैसी
लड़का हो कैसा बोलो
लड़का हो कैसा
हो लड़की हो मेरे जैसी, आह हा
लड़का हो तेरे जैसा, वाह वाह
ए मज़ा फिर कैसा प्यार का, प्यार का
वाह!

कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

हो,झुमरी का झुमरू बन जा
झुमरी का झुमरू
पायल का, घुँघरू बन जा
पायल का घुंगरू
मेरी सलामी कर ले
मेरी गुलामी कर ले
होगा तू होगा कोई बादशाह, बादशाह
अरे जा
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

बाली उमरिया मेरी बाली उमरिया
सुनी सजरिया मेरी सुनी सजरिया
मेरे सपनों के राजा
जल्दी से वापस आ जा,
सोती हूँ मैं दरवाजा खोल के, खोल के
आह ssssssssss
कू कू कू कू, कू कू कू कू
कू कू कू कू, कू कू कू कू

बेगम बगैर बादशाह किस काम का
बादशाह बगैर बेगम किस काम की
तेरी मर्ज़ी तू जाने
मेरी मर्ज़ी मैं जानूं
मैंने जवानी तेरे नाम की, नाम की
ओ तोतली

चोली के पीछे क्या है, चोली के पीछे ?
चोली के पीछे क्या है, चोली के पीछे ?
चुनरी के नीचे क्या है , चुनरी के नीचे
हो, चोली में दिल है मेरा,
चुनरी में दिल है मेरा, आह हा
हो, चोली में दिल है मेरा,
चुनरी में दिल है मेरा, वाह वाह
ये दिल में दूँगी मेरे यार को, प्यार को
फुर्र
चोली में दिल है मेरा,
चुनरी में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
हूँ !
चोली में दिल है मेरा
चुनरी में दिल है मेरा
दिल दिल है कुछ
कुछ दिल है मेरा
..............................................................................
Choli ke peechhe kya hai-Khalnayak 1993

Artists: Madhuri Dixit, Sanjay Dutt

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