पालकी में हो के सवार चली रे-खलनायक १९९३
गीत से है. आखिर को हीरे कोयले की खदान से निकलते हैं-ऐसा
मैंने कहीं सुना और पढ़ा है. कोयले को उछ ताप और दबाव में
रखा जाए तो वो हीरे में तब्दील हो जाता है ऐसा रसायन शास्त्र
कहता है, मैं नहीं.
सुनते हैं खलनायक से एक गीत माधुरी दीक्षित पर फिल्माया गया.
अलका याग्निक ने इसे गाया है. आनंद बक्षी और लक्ष्मी प्यारे इस
गीत के क्रमशः गीतकार और संगीतकार हैं.
गीत के बोल:
बिना बोलों के काम चला लें.
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Palki mein ho ke sawar chali re-Khalnayak 1993
Artists: Madhuri Dixit

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