अपने प्यार के सपने-बरसात की एक रात १९८१
में सबसे ज्यादा लोकप्रिय एस डी बर्मन, आर डी बर्मन
और लक्ष्मीकांत प्यारेलाल के संगीत वाले युगल गीत हैं.
आज सुनते हैं फिल्म बरसात की एक रात से एक गाना.
ये फिल्म बंगाली और हिंदी दोनों भाषा में बनी थी.
गीत आनंद बक्षी का है और इसे अमिताभ बच्चन और
राखी पर फिल्माया गया है.
गीत के बोल:
अपने प्यार के सपने सच हुए आ हा हो हो
अपने प्यार के सपने सच हुए
होठों पे गीतों के फूल खिल गए
सारी दुनिया छोड़ के मनमीत मिल गए
अपने प्यार के सपने सच हुए
अपने प्यार के सपने सच हुए
पल भर को मिले जो अँखियाँ
देखूँ मैं सुनी हैं जो बतियाँ
पढ़ लूँ तोरे नैनों की पतियाँ
पल भर को मिले जो अँखियाँ
देखूँ मैं सुनी हैं जो बतियाँ
बिना देखे तुम देखो मेरी आँखों से
अपने प्यार के सपने सच हुए
अपने प्यार के सपने सच हुए
काँटों से भरी थी जो कलियाँ
उनमें खिली हैं अब गलियाँ
झूमो नाचो मनाओ रंगरलियाँ
काँटों से भरी थी जो गलियाँ
उनमें खिली हैं अब कलियाँ
चलो सजना कहें चल के सारे लोगों से
अपने प्यार के सपने सच हुए
अपने प्यार के सपने सच हुए
जब जब मिले जीवन ओ सजना
तुम ही मुझे पहनाओ कंगना
तेरी डोली रुके मेरे अंगना
ओ ओ ओ ओ
जब जब मिले जीवन ओ सजना
तुम ही मुझे पहनाओ कंगना
मेरा घूंघटा तुम खोलो अपने हाथों से
अपने प्यार के सपने सच हुए
होठों पे गीतों के फूल खिल गए
सारी दुनिया छोड़ के मनमीत मिल गए
अपने प्यार के सपने सच हुए
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Apne pyar ke sapne sach hue-Barsaat ki ek raat 1981
Artists: Amitabh Bachchan, Rakhi, Amjad Khan

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