Dec 13, 2019

उलझन हज़ार कोई डाले-चांदी सोना १९७७

कोई सोना खोजने जाए और उसे प्लेटिनम मिल जाये
तो वो कैसे बावला हो के खुशी से उछलेगा इस गीत से
समझिए. नायिका तो इतनी खुश है मानो २४ केरेट की
जूलरी छत फाड के टपकना शुरू होने वाली हो.

गीत शुरू होने पर लगता है जैसे कोई रॉक शो की प्रेक्टिस
हो रही है गुफा में. पेंटल चट्टान पर कांगो बजा रहे हैं.
नायिका नाच रही है.

गीतकार को या फिर संगीतकार को गाना बनाते समय
नीना की याद बहुत आई. गीत में कई बार नीना शब्द
आया है. अल-नीनो की बहन हो सकती है क्या ये. अब
१९७७ में अल-नईनो शब्द हमने नहीं सुना था इसलिए
अनुमान लगाना कठिन है.





गीत के बोल:

ऐसा हा आ जलवा हा आ अल्ला
उलझन हज़ार कोई डाले
उलझन हज़ार कोई डाले
हाय रुकते कहाँ हैं दिल वाले
हो देखो ना आ गये
मस्ताने छा गये
बाहों में बाहें डाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना
ऐसा हा जलवा हा अल्ला हा हा
ऊई नीना नीना नीना नीना नीना नीना

उलझन हज़ार कोई डाले
हो रुकते कहाँ हैं दिल वाले
हो ओ देखो ना आ गये
मस्ताने छा गये
बाहों में बाहें डाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना

जादू भरे ख़्वाबों का रंगीं नगर
दीवानों दीवानों देखो ना देखो ना
जैसे कोई खोई हुई जन्नत का दर
मस्तानों मस्तानों देखो ना
अहा रंग बदलते पर्बत के दिल में
झूमर भी जलते मंज़र कहाँ ऐसा ओ मतवाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना

ऐसा ह जलवा ह अल्ला
उलझन हज़ार कोई डाले
हो रुकते कहाँ हैं दिल वाले
हो ओ देखो ना आ गये
मस्ताने छा गये
बाहों में बाहें डाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना

जैसे बहार लिये खड़ी हाथों के हार
दीवानों दीवानों देखो ना देखो ना
सदियों से तेरा मेरा था इन्तज़ार
मस्तानों मस्तानों देखो ना
अहा हिम्मत के आगे पत्थर के दिल की
धड़कन भी जागे धड़कन जगाता चल ओ मतवाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना

उलझन हज़ार कोई डाले
हो रुकते कहाँ हैं दिल वाले
देखो ना आ गये
मस्ताने छा गये
बाहों में बाहें डाले
उई नीना नीना नीना नीना नीना नीना
…………………………………………………….
Uljhan hazaar koi daale-Chandi Sona 1977

Artists: Parveen Babi, Sanjay Khan, Paintal, Pran

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