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Jun 18, 2011

ये मेरा जीवन तेरे लिए -बाबू १९८५

आप फिल्म बाबू(१९८५) के दो गीत पहले सुन चुके हैं,
अब सुनिए किशोर का गाया फिल्म का एक और गीत।
फिल्म में राजेश खन्ना का नाम बाबू हो। वो अपना सारा
जीवन एक परिवार के लिए समर्पित कर देता है। उस
परिवार की बच्ची के साथ नायक गीत गा रहा है। फिल्म
का ये गीत भी काफी लोकप्रिय है। बोल एक बार फिर से
मजरूह के हैं और संगीत राजेश रोशन का।




गीत के बोल:


ये मेरा जीवन तेरे लिए है
ये मेरा जीवन तेरे लिए है
जीवन का सपना तेरे लिए है
माँग ले हँस के क्या चाहिए तुझे
माँग ले हँस के क्या चाहिए तुझे
मेरी तो दुनिया तेरे लिए है

ये मेरा जीवन

hurrr ha ha

डाली पे बैठी छोटी सी चिड़िया
काँधे पे मेरे नन्हीं सी गुड़िया
डाली पे बैठी छोटी सी चिड़िया
काँधे पे मेरे नन्हीं सी गुड़िया
चिड़िया से भी सुन्दर मेरी गुड़िया
चिड़िया से भी सुन्दर मेरी गुड़िया

ये मेरा जीवन तेरे लिए है
जीवन का सपना तेरे लिए है
माँग ले हँस के क्या चाहिए तुझे
मेरी तो दुनिया तेरे लिए है

ये मेरा जीवन

देखा था सपना जो ज़िन्दगी का
ये भी तो वैसा ही दिन है ख़ुशी का
देखा था सपना जो ज़िन्दगी का
ये भी तो वैसा ही दिन है ख़ुशी का
जीने का ढंग तुझसे मैने सीखा
जीने का ढंग तुझसे मैने सीखा

ये मेरा जीवन तेरे लिए है
जीवन का सपना तेरे लिए है
माँग ले हँस के क्या चाहिए तुझे
मेरी तो दुनिया तेरे लिए है

ये मेरा जीवन

मानो बदल जाए दोनों की मंज़िल
फिर भी रहेगा साथ मेरा दिल
मानो बदल जाए दोनों की मंज़िल
फिर भी रहेगा साथ मेरा दिल
चाहेंगे तो मिलना नहीं मुश्क़िल
चाहेंगे तो मिलना नहीं मुश्क़िल
ये मेरा जीवन तेरे लिए है
जीवन का सपना तेरे लिए है
माँग ले हँस के क्या चाहिए तुझे
मेरी तो दुनिया तेरे लिए है

ये मेरा जीवन
........................
Ye mera jeewan-Babu 1985

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Jun 13, 2011

ऐ हवा मेरे संग चल-बाबू १९८५

आपको फिल्म बाबू(राजेश खन्ना वाली) का एक गीत पहले
सुनवाया था। अब सुनिए रति अग्निहोत्री के ऊपर फिल्माया गया
लता मंगेशकर का गाया एक गीत। फिल्म रिलीज़ के वक़्त और
उसके २-३ साल बाद तक ये गीत बहुत बजा था। गाँव और गाँव
जैसे शहरों के मेले में नौटंकी में इस गीत के ऊपर स्कूल के बच्चों
वाली पी. टी. कसरत जैसी मुद्राओं में नौटंकी की काबिल डांसर्स
नृत्य किया करती थीं। वैसे इस गीत में नायिका जो नृत्य कर रही
है वो थोड़ा ही बेहतर है। गीत की ताल और गीत के फिल्मांकन
में ज्यादा तादतम्य नहीं है लेकिन बाकी मसाला काफी है गीत
में आपको बहलाने के लिए। ढप ढप और टपर टपर की ताल
राजेश रोशन के संगीत की विशेषता है। दीपक पाराशर नाम
के कलाकार रति अग्निहोत्री के साथ आपको परदे पर दिखाई
देंगे। नृत्य देख के मुझे कुछ भ्रष्ट भाषा के शब्द याद आ जाते हैं- उच्कंती, कूदंती, बल्खंती और नाचंती।

गीत मजरूह सुल्तानपुरी का लिखा हुआ है इसलिए आपको इसके
बोल सुहाने लगेंगे। मजरूह के ज़माने तक दिल में हलचल ही मचा
करती थी आजकल के दौर में होने लगी है- सन सनन साँय साँय।





गीत के बोल:

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

कहे दरिया का पानी कल कल
तुझे आस मिलन की हर पल

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

रुक ना सकूं मैं दौड़ी आऊँ
फिर कुछ सोच के मैं घबराऊँ
रुक ना सकूं मैं दौड़ी आऊँ
फिर कुछ सोच के मैं घबराऊँ

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

तूने कैसा जादू किया है
बिन डोर के मुझे बांध दिया है
तूने कैसा जादू किया है
बिन डोर के मुझे बांध दिया है

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

कठपुतली सी नाच रही हूँ
कैसे कहूं तुझे ढूंढ रही हूँ
कठपुतली सी नाच रही हूँ
कैसे कहूं तुझे ढूंढ रही हूँ

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल

कहे दरिया का पानी कल कल
तुझे आस मिलन की हर पल

ऐ हवा मेरे संग संग चल
मेरे दिल में हुई हलचल
...............................
Ae hawa mere sang sang chal-Babu 1985

Artists-Rati Agnihotri

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Jul 2, 2009

मैं कुंवारी अलबेली-बाबू १९८५

हेमा मालिनी और राजेश खन्ना की जोड़ी को आपने कई
फिल्मों में देखा होगा। इस फ़िल्म में हेमा मालिनी की भूमिका
संक्षिप्त है। उस हिस्से में ये गाना भी है-डंक मार गयो दैया
हाय रे पापी ततैया ।

राजेश खन्ना और हेमा मालिनी ऐसे कलाकार हैं जो परदे
पर सीमित समय के लिए ही सही अगर दिखाई देते हैं तो
सोते हुए दर्शकों को भी जगा दिया करते हैं। हेमा मालिनी की
स्क्रीन प्रेजेंस भी जबरदस्त है चुम्बकीय प्रभाव वाली है।


गायक-किशोर कुमार, आशा भोंसले
संगीतकार-राजेश रोशन
गीतकार-मजरूह सुल्तानपुरी

गाने के बोल:

मैं कुंवारी अलबेली
जा रही थी कहीं अकेली
डंक मार गयो दिया
हाय रे पापी ततैया (२)

पहले दिल का खेल खेली
अब पुकारे कड़ी अकेली
डंक मार गयो दिया
हाय रे पापी ततैया

मैं कुंवारी अलबेली .......

तुझे गोरे रंग पे अभिमान था
चढ़ती जवानी पे कितना गुमान था

हमरा काजल, हमरा टीका
जियरा जाये कहे किसीका
डंक मार गयो दिया
हाय रे पापी ततैया

देखो कैसे जल रहा मेरा गोरा अंग रे
गोरी तेरे नखरे का ये भी नया रंग है

जब न पकडे तू ये बैयाँ
क्यूँ न बोलूं मोरे सैयां
डंक मार गयो दिया
हाय रे पापी ततैया

मैं कुंवारी अलबेली
जा रही थी कहीं अकेली
डंक मार गयो दिया
हाय रे पापी ततैया (२)
..............................
Main kunwari albeli-Babu 1985

Artists: Rajesh Khanna, Hema Malini

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