ये वही गीत है जिसको मैंने-मान जाइये १९७२
अकेले में यादें दोनों तरह की आया करती हैं-खुशनुमा और दुःख भरी।
ये गीत भी कुछ कुछ यादों की एकल प्रस्तुति सा है। देखिये और
पता लगाइए ।
फिल्म का नाम भी दुर्लभ सा है -मान जाइये। गीत किशोर कुमार
के सबसे मधुर और प्रभावी गीतों में से एक है। इसे फिल्माया गया
है जलाल आगा पर। मशहूर आगा के बेटे और फरीदा जलाल के भाई
जलाल आगा अपनी सीमित प्रतिभा के बावजूद लोगों को याद रह गए,
उनके पास बोलने वाली ऑंखें जो थीं। किशोर के ऐसे भारी आवाज़ वाले
गीत कुंदन लाल सहगल की याद दिला जाते हैं।
गीत के बोल:
ये वही गीत है जिसको मैंने धड़कन में बसाया है
ये वही गीत है जिसको मैंने धड़कन में बसाया है
तेरे होंठों से इसको चुरा कर होंठों पे सजाया है
ये वही गीत है जिसको मैंने धड़कन में बसाया है
ये वही गीत है ये वही गीत है
मैं ये गीत जब गुनगुनाया
सज गई है ख्यालों की महफ़िल
मैं ये गीत जब गुनगुनाया
सज गई है ख्यालों की महफ़िल
प्यार के रंग आँखों में छाये
प्यार के रंग आँखों में छाये
मुस्कुरायी उजालों की महफ़िल
मुस्कुरायी उजालों की महफ़िल
प्यार के रंग आँखों में छाये
मुस्कुरायी उजालों की महफ़िल
मुस्कुरायी उजालों की महफ़िल
ये वो नगमा है जो ज़िन्दगी में
रौशनी बन के आया है
तेरे होंठों से इसको चुरा कर होंठों पे सजाया है
ये वही गीत है ये वही गीत है
हो हो हो,
हो हो हो
मेरे दिल ने यही गीत गा कर
जब कभी तुझको आवाज़ दी है
मेरे दिल ने यही गीत गा कर
जब कभी तुझको आवाज़ दी है
फूल जुल्फों मीना पनी सजा कर
फूल जुल्फों मीना पनी सजा कर
तू मेरे सामने आ गई है
फूल जुल्फों मीना पनी सजा कर
तू मेरे सामने आ गई है
तू मेरे सामने आ गई है
तुझको अक्सर मेरी बेखुदी ने
सीने से लगाया है
तेरे होंठों से इसको चुरा कर होंठों पे सजाया है
ये वही गीत है जिसको मैंने धड़कन में बसाया है
तेरे होंठों से इसको चुरा कर होंठों पे सजाया है
ये वही गीत है ये वही गीत है
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Ye wahi geet hai jisko maine-Maan jaiye 1972
