Showing posts with label Kangan. Show all posts
Showing posts with label Kangan. Show all posts

Oct 23, 2016

मुस्कुराओ के जी नहीं लगता-कंगन १९५९

कंगन नाम से तीन फ़िल्में बनी हैं सन १९३९, १९५९ और १९७१
में. उल्लेखनीय बात ये है तीनों फिल्म में अशोक कुमार मौजूद
हैं. दो में बतौर हीरो तो तीसरी फिल्म में बतौर चरित्र अभिनेता.

अब या तो ये संयोग है या फिर अशोक कुमार को कंगन-कंगना
शब्दों से विशेष प्रेम रहा हो सकता है. फिल्म शौक़ीन का एक गीत
है-जब भी कोई कंगना बोले वो भी अशोक कुमार पर फिल्माया
गया था.

गीत के की वर्ड्स हैं-जी नहीं लगता. कौन कहता है जी नहीं लगता.
नहीं-नहीं करते भी कितनी बार लग गया इस गीत में ?

लता मंगेशकर गायिका हैं, राजेंद्र कृष्ण गीतकार और चित्रगुप्त इस
गीत के संगीतकार.

गीत के बोल:



मुस्कुराओ के जी नहीं लगता
पास आओ के जी नहीं लगता
मुस्कुराओ के जी नहीं लगता

ये खमोशी ये बेज़ुबानी क्यों
छेड़ न दे कोई कहानी क्यों
गुनगुनाओ के जी नहीं लगता
मुस्कुराओ के जी नहीं लगता

पास हो तुम है फिर भी तनहाई
क्या नहीं प्यार की ये रुसवाई
कुछ सुनाओ के जी नहीं लगता
मुस्कुराओ के जी नहीं लगता

रात का हुस्न भी ज़रा देखो
चाँदनी कह रही है क्या देखो
मान जाओ के जी नहीं लगता
मुस्कुराओ के जी नहीं लगता
पास आओ के जी नहीं लगता 
मुस्कुराओ के जी नहीं लगता
....................................................................
Muskurao ke jee nahin lagta-Kangan 1959

Artists: Nirupa Roy, Ashok Kumar

Read more...

Oct 15, 2016

झुके जो तेरे नैना-कंगन १९७२

कुछ पोस्ट पहले हमने संजीव कुमार और माला सिन्हा की जोड़ी
वाली फिल्म का एक गीत सुना था. आज सुनते हैं एक और गीत
जो लोकप्रिय है. इसे महेंद्र कपूर ने गाया है.

सन १९७२ की फिल्म कंगन में कल्याणजी आनंदजी का संगीत
है. के बी तिलक फिल्म के निर्देशक हैं. फिल्म में अशोक कुमार
भी मौजूद हैं.

गीत अनजान का लिखा हुआ है और गीत में शायद माला सिन्हा
की आवाज़ भी है.




गीत के बोल:

झुके जो तेरे नैना
झुके जो तेरे नैना
झुके जो तेरे नैना
तो चूड़ी तेरी खनकी
ये पायल तेरी छनकी
ये तेरी मेरी ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
झुके जो तेरे नैना

कली जो खिलेगी
कली जो खिलेगी तो खुशबू उड़ेगी
छुपें फूल फिर भी ना खुशबू छुपेगी
छुपा ले ये फूलों सा मुखडा कहीं तू
लगन तेरे मन की
तो छुप ना सकेगी
उदा जो तेरा आँचल
उदा जो तेरा आँचल
तो चूड़ी तेरी खनकी
ये पायल तेरी छनकी
ये तेरी मेरी ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
झुके जो तेरे नैना

कभी छांव बन के
कभी छांव बन के कभी धूप बन के
दिखता है ये रूप सपने मिलन के
मगर जब मिलन की घडी पास आये
तो दिखलाये जलवे ये बेगानेपन के
ओ ओ ओ ओ आ हा हा हा हा हा
जो लट लहराई
जो लट लहराई
तो चूड़ी तेरी खनकी
ये पायल तेरी छनकी
ये तेरी मेरी ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
ये तेरी मेरी प्रीत
गोरी है बालेपन की
झुके जो तेरे नैना.
.............................................................................
Jhuke jo tere naina-Kangan 1972

Artists: Mala Sinha, Sanjeev Kumar

Read more...
© Geetsangeet 2009-2020. Powered by Blogger

Back to TOP