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Jan 18, 2016

बादल पे चल के आ-विजय १९८८

घोड़े पे बैठ के आना, पालकी में आना, पैदल आना ये
सब बातें इस गीत के आने के पहले थोड़ी ज्यादा सुहानी
लगा करती थीं. फिल्म विजय के गीत ने हमारे लिए बादल
पे चल के आने का रास्ता भी खोल दिया. हम कल्पना
में ही सही किस किस प्रकार के वाहन और कैसी कैसी
दुनिया में घूम आते हैं.

निदा फाजली के लिखे इस गीत की तर्ज़ बनाई है शिव हरी
की जोड़ी ने. इसे गाया है लता संग सुरेश वाडकर ने. जो
कलाकार परदे पर इस गीत को गा रहे हैं वो हैं-ऋषि कपूर
और सोनम. इसके अलावा इसमें एक और पेयर आपको
मिलेगा-अनिल कपूर संग मीनाक्षी शेषाद्री. इसको कहते हैं
इकोनोमी गीत. चार सितारों पर एक ही गीत फिल्माया लिया
गया है. उसके अलावा पर्यावरण प्रेमी गीत है. लगभग हर
मौसम के अलावा हरियाली जितने भी प्रकार की हो सकती है
इस गीत में आप देख सकते हैं. गीत में प्रयुक्त साइकिलों ने
भी कमाल का रोमांटिसिज्म दिखलाया है.




गीत के बोल:

बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
साँसों से मेरी निकल के आ
बाहों में मेरी मचल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
साँसों से मेरी निकल के आ
बाहों में मेरी मचल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
साँसों से मेरी निकल के आ
बाहों से मेरी मचल के आ

शाम होते लहराए मौसम हरे हरे
चांदी सा बरसाए बदल भरे भरे
शाखों पे लहराए मौसम हरे हरे
चांदी सा बरसाए बदल भरे भरे
भीगी हुई इन फिजाओं में
आँखों से संभल के

बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ

मैं हूँ तेरी ज़मीन तू मेरा आसमान
तू मेरी आरजू मैं तेरी जाने-जान
टूटती है खनक बन के अंगडाईयाँ
आ जा बाहों में भर ले तन्हाइयां
मैं हूँ तेरी ज़मीन तू मेरा आसमान
तू मेरी आरजू मैं तेरी जाने-जान
अंचल की चंचल हवाओं में
होंठों पे गीतों सा ढल के आ

बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ

शीशे सी बाहों पे बूँदें रुकी रुकी
पलकों पे शर्माए रातें झुकी झुकी
शीशे सी बाहों पे बूँदें रुकी रुकी
पलकों पे शर्माए रातें झुकी झुकी
जुल्फों की काली घटाओं से मुझ में
नशे सा पिघल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
साँसों से मेरी निकल के आ
बाहों से मेरी मचल के आ

बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
बादल पे चल के आ
सावन में ढल के आ
………………………………………………
Badal pe chalk ke aa-Vijay 1988

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Aug 9, 2015

तोता मेरे तोता मैं तो तेरी-आज का गुंडाराज १९९२

अभी बारिश का मौसम है इन दिनों में तोतों के दर्शन बहुत होते हैं
विशेषकर घने पेड़ों वाले इलाकों में. तोते को याद करते हुए कई
फ़िल्मी गीत बने हैं और संभवतः सभी हिट हुए हैं. कहीं कहीं तो
तोते के जगह मिट्ठू शब्द का प्रयोग हुआ है.

आज आपको सुनवाते हैं ‘आज का गुंडाराज से एक तोता-गीत. काफी
तंदुरुस्त तोता है फिल्म में. फिल्म में तेलुगु सिनेमा की एक नामचीन
हस्ती चिरंजीवी बतौर नायक हैं और नायिका भी दक्षिण मूल की हैं
मगर हिंदी फिल्म जगत में लोकप्रिय हैं-मीनाक्षी शेषाद्रि. मीनाक्षी और
चिरंजीवी दोनों अच्छे डांसर हैं.

गीत समीर का लिखा हुआ है जिसकी धुन बनाई है आनंद मिलिंद ने.
इस तोता-गीत को गाया है अभिजीत संग साधना सरगम ने. ये एक
हिट गीत है सन १९९२ का और आज भी बजता मिल जाता है कभी
भी और कहीं भी. इसे बजने वाले जगह और मौका नहीं देखते बस
बजाय करते हैं. हम भी सुन लेते हैं इसे कभी कभी. मोडर्न तोता और
मोडर्न मैना वाला गीत. इस गीत में मैना का जिक्र भी है. इस हिसाब
से ये तोता-मैना हिट्स की श्रेणी का गीत हुआ.




गीत के बोल:

तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
मीठे मीठे तेरे सपनों में खो गई
तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
मीठे मीठे तेरे सपनों में खो गई

मैं तुझपे मरने लगी प्यार तुझे करने लगी
पिंजरे में दिल के तू आ जा मैं तुझको बिठा लूं
मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया
मीठे मीठे तेरे सपनों में खो गया
अरे मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया
मीठे मीठे तेरे सपनों में खो गया
मैं तुझपे मरने लगा प्यार तुझे करने लगा
पिंजरे में दिल के तू आ जा मैं तुझको बिठा लूं
तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
अरे मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया

देख के तुझको दिल मेरा डोला
कातिल है तेरी नज़र रूप है भोला
देख के तुझको दिल मेरा डोला
कातिल है तेरी नज़र रूप है भोला
तूने ही मेरा ओ हो ओ हो चैन छीना आ हा आ हा
बिन तेरे नहीं ओ हो ओ हो मुझको जीना है आ हा आ हा
धक् धक् सी होने लगी नींद मेरी खोने लगी
आ जा दिल जानी तुझको पलकों में अपनी छुपा लूं
मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया
अरे, मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया
मैं तुझपे मरने लगा प्यार तुझे करने लगा
पिंजरे में दिल के तू आ जा मैं तुझको बिठा लूं

तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया

आशियाँ कोई हम बनायेंगे
हम तेरी बाहों में दिन बिताएंगे
हो आशियाँ कोई हम बनायेंगे
हम तेरी बाहों में दिन बिताएंगे
दो दीवाने थे ओ हो ओ हो एक हो गए आ हा आ हा
मिल के हम यहाँ ओ हो ओ हो  ऐसे खो गए आ हा आ हा
दुनिया से दूर हुए इश्क में हम चूर हुए
धडकन कहती है तुझको मैं सीने से लगा लूं
तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
मीठे मीठे तेरे सपनों में खो गई
मैं तुझपे मरने लगा प्यार तुझे करने लगा
पिंजरे में दिल के तू आ जा मैं तुझको बिठा लूं

तोता मेरे तोता मैं तो तेरी हो गई
अरे मैना मेरी मैना मैं तो तेरा हो गया
..........................................................................
Tota mere tota main to teri-Aaj ka gundaraaj 1992

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Aug 10, 2011

अटका अटका दिल मेरा-होशियार १९८४

बिना विवरण के भी एक गीत सुन लीजिए आज। ये होशियार सा गीत
है फिल्म होशियार से। कैलोरी कैसे कम की जाये इस गीत से सीख सकते
हैं आप.



गीत के बोल:

अगर आप वाकई इस गीत को सुन रहे हैं तो बोलों के लिए
लिए चटका(कमेन्ट) लगा दें एक
.................................
Atka atka dil mera-Hoshiyar 1984

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Jul 11, 2011

चोली तेरे तन पर-होशियार १९८४

सेब सौ रूपये किलो हैं आजकल ? मीडिया का बस चले तो दो सौ
रूपये भी बिकवा दे. किसी एक जगह कोई चीज़ महंगी मिलने लगती
है तो चैनल वाले उसका ढोल पीट पीट कर पूरे देश को बतला देते हैं .
इस प्रचार का मकसद क्या है समझ नहीं आता, इतना ज़रूर होता है
कि बाकी सब जगह उस चीज़ का भाव दूसरे दिन से बढ़ जाता है.

यू -ट्यूब पर गीत में जिस फल को जनता सेब के रूप में पहचान
रही है, मुझे तो वो संतरा या मौसंबी नज़र आ रही है. अगर वाकई
सेब है तो किसी पीलिया ग्रस्त बगीचे के होंगे.

दक्षिण भारत की कुछ ८० के दशक की फिल्मों से ये ट्रेंड शुरू हुआ
जिसमें कुछ तो सब्जी फल उछलते हैं, कुछ नायक नायिकाएं. ये भी
एक दक्षिण भारत में निर्मित फिल्म है जिसमें नायक जीतेंद्र के साथ
मीनाक्षी शेषाद्री हैं. इस फिल्म के निर्देशक हैं-के. राघवेन्द्र राव(बी. ऐ.)
और फिल्म का नाम है होशियार. सन १९८४ में ये फिल्म रिलीज़ हुई थी.
काफी होशियारी से ये फिल्म बनायीं गयी थी जिसने कम समय में ही
निर्माण की लागत वसूल ली.



गीत के बोल:

चोली तेरे तन पर, तन पर कसी कसी
रहती है तू मन में, मन में बसी बसी

जाए न असर तेरी आँखों का
उतरे न ज़हर तेरी बातों का
जाए न असर तेरी आँखों का
उतरे न ज़हर तेरी बातों का
ज़िन्दगी डसी डसी डसी डसी

तेरे तेरे मुख पर मुख पर हंसी हसनी
तेरी छबि दिल में दिल में बसी बसी
घेरा है मुझे तेरी राहों में
जकड़ा है मुझे तेरी बाँहों ने
घेरा है मुझे तेरी राहों में
जकड़ा है मुझे तेरी बाँहों ने
जवानी हंसी हंसी हंसी हंसी

चोली तेरे तन पर, तन पर कसी कसी
आ आ आ आ आ
...............................
Choli tere tan par-Hoshiyar 1984

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