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Aug 9, 2020

हम भूल गये रे हर बात-सौतन की बेटी १९८९

सावन कुमार ने अपना फ़िल्मी कैरियर बतौर निर्माता शुरू
किया था. फिल्म का नाम है नौनिहाल. इसके बाद सन १९७१
की मीना कुमारी अभिनीत फिल्म गोमती के किनारे से उनका
निर्देशन का कैरियर प्रारंभ हुआ.

सावन कुमार बहुआयामी व्यक्तित्व के स्वामी हैं जहाँ तक
फिल्म के भिन्न भिन्न पहलुओं का सवाल है. उनके लिखे
हुए कई गीत बेहद लोकप्रिय हुए.

पुरस्कार उनसे दूर ही रहे. जाने क्यूँ पुरस्कारों को कई लोगों
से एलर्जी होती है. वैसे भी ले दे के वही काली औरत वाले
अवार्ड चले आये फिल्म उद्योग में ९० के दशक तक. उसके
बाद काफी सारे पुरस्कारों का आविष्कार हुआ. सूरत फिर भी
बहुत ज्यादा नहीं बदली और नए आविष्कारों से भी जनता
को शिकायत रहने लगी. वो नेपोटिस्म और पोटाइस्म इतना
ज्यादा हावी है यहाँ कि उससे अक्सर जनता को समझौता
ही करना पड़ता है.

सुनते हैं सौतन की बेटी से एक गाना जिसका संगीत तैयार
किया है वेदपाल वर्मा ने. इसे लता मंगेशकर ने गाया है.

ये गाना हालांकि एक पडोसी देश के गाने से प्रेरित है, यूँ
कहें काफी दोस्ताना है दोनों गानों में, जहाँ तक मुखड़े का
सवाल है. उसके बाद धुनें जुदा सी लगती हैं.





गीत के बोल:

हम भूल गये रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले
हम भूल गये रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले
क्या क्या हुआ दिल के साथ
क्या क्या हुआ दिल के साथ मगर तेरा प्यार नहीं भूले
हम भूल गये रे हर बात मगर तेरा प्यार नहीं भूले
.
.
.
.
…………………………………………………………………
Ham bhool gaye re har baat-Souten ki beti 1989

Artist: Rekha

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Feb 26, 2017

हम थे वो थी और समा-चलती का नाम गाड़ी १९५८

फिल्म चलती का नाम गाडी से एक हल्का फुल्का गीत सुनते हैं.
इसमें तरबूज की तरावट और मिठास है. गीत मजरूह सुल्तानपुरी
का लिखा हुआ है और इसे किशोर कुमार ने गाया है. गीत में
एक आवाज़ और भी है जो शायद अनूप कुमार की है.

प्रेरित गीतों के बार में पहले आम जनता को ज्यादा कुछ मालूम
नहीं होता था. आज ढेर सारे स्त्रोत हैं जानकारी के. काफी सारे
हिंदी गानों के उद्गम की जानकारी उपलब्ध है इन्टरनेट पर. किसी
गीत को जिसे आप ३०-४० सालों से सुन रहे हों उसके बारे में
आपको कुछ कॉपी या प्रेरणा सम्बन्धी जानकारी मिले तो क्या
आप उसका आनंद उठाना बन कर देंगे, नहीं. हम तो ओरिजनल
का भी आनंद उठाना शुरू कर देंगे, भाषा समझ आये या ना आये.



गीत के बोल:

हम थे वो थी वो थी हम थे
हम थे वो थी और समा रंगीन समझ गए ना
जाते थे जापान पहुँच गए चीन समझ गए ना
याने याने याने प्यार हो गया
हम थे वो थी और समा रंगीन समझ गए ना
जाते थे जापान पहुँच गए चीन समझ गए ना
याने याने याने प्यार हो गया

खोया मैं कैसे उसकी बातों में
कहता हूँ दम तो लेने दो आ हा हा
खोई वो कैसे मेरी बातों में
कहता हूँ दम तो लेने दो आ हा हा
क्या क्या कह डाला आँखों आँखों में
कहता हूँ दम तो लेने दो आ हा हा

हम थे वो थी और समा रंगीन समझ गए ना
जाते थे जापान पहुँच गए चीन समझ गए ना
याने याने याने प्यार हो गया
ओ मन्नू तेरा हुआ अब मेरा क्या होगा
मन्नू तेरा हुआ अब मेरा क्या होगा

फूटे बुलबुले दो नैना फड़के
उसने जब देखा मुड़-मुड़ के वाह वाह वाह
जैसे कहती हो सुन रे ओ लड़के
मैंने जब देखा मुड़-मुड़ के वाह वाह वाह
फिर दोनों के दिल धक धक धक धड़के
दोनों ने देखा मुड़-मुड़ के वाह वाह वाह
हा हा हा हा हा हा हा हा

हम थे वो थी और समा रंगीन समझ गए ना
जाते थे जापान पहुँच गए चीन समझ गए ना
याने याने याने प्यार हो गया
ओ मन्नू तेरा हुआ अब मेरा क्या होगा
मन्नू तेरा हुआ अब मेरा क्या होगा

थोड़ा-थोड़ा सांस लम्बा लम्बा सांस
धीरे धीरे उसने खैंचा आ हा हा
फिर उसका पल्लू बन के उसका दास
धीरे धीरे मैंने खैंचा आ हा हा
घबराहट में फिर अपना अपना हाथ
उसने खैंचा मैंने खैंचा आ हा हा

हम थे वो थी और समा रंगीन समझ गए ना
जाते थे जापान पहुँच गए चीन समझ गए ना
याने याने याने प्यार हो गया
.......................................................................
Ham the wo thi aur sama-Chalti ka naam gaadi 1958

Artists: Kishore Kumar, Anoop Kumar

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Sep 8, 2016

ओ बाबू ओ लाला-दिल्ली का ठग १९५८

क्लब सॉंग श्वेत श्याम युग में विशेषकर ६० के दशक की फिल्मों
में आवश्यक अंग होता था. ऐसे कथानकों में जिसमें नायक नायिका
क्लब में जाते हों. किसी खेती किसानी वाली फिल्म में क्लब गीत
की कल्पना थोडा मुश्किल काम है, मगर हैं, ऐसी फ़िल्में भी.

गीत स्मृति बिश्वास गा रही हैं परदे पर. उनके अलावा इफ्तेखार,
मदन पुरी और कुछ अनजाने से चेहरे गीत में दिखाई दे रहे हैं.

मजरूह सुल्तानपुरी का लिखा हुआ ये गीत रवि द्वारा संगीतबद्ध है
और गीता दत्त इसकी गायिका हैं. गीत एक प्रसिद्ध गीत से प्रेरित
है.




सन १९४५ में रिलीज़ हुआ एंड्रयू सिस्टर्स का गाया गीत इधर है:



गीत के बोल:

ओ बाबू ओ लाला
मौसम देखो चला
सुन ले दिल क्या बोला
है कोई प्यार करने वाला
ओ बाबू ओ लाला
मौसम देखो चला
सुन ले दिल क्या बोला
है कोई प्यार करने वाला
ओ बाबू ओ लाला

सुन जा क्या कहती हैं
ये भीगी भीगी रातें
आँखों ही आँखों में
हो जाएँ दो दो बातें
हमसे निगाहें तो मिला

ओ बाबू ओ लाला
मौसम देखो चला
सुन ले दिल क्या बोला
है कोई प्यार करने वाला
ओ बाबू ओ लाला


खोई खोई रुत है
कुछ बहकी कुछ बहकाई
महफ़िल की महफ़िल है
तन्हाई की तन्हाई
खोई खोई रुत है
कुछ बहकी कुछ बहकाई
महफ़िल की महफ़िल है
तन्हाई की तन्हाई
आ जा मिटा दें फ़ासला

ओ बाबू ओ लाला
मौसम देखो चला
सुन ले दिल क्या बोला
है कोई प्यार करने वाला
ओ बाबू ओ लाला

आ जा दिल के राही
ये हैं उल्फत की राहें
साथी बन जा मेरा
बाहों में ले के बाहें
आ जा दिल के राही
ये हैं उल्फत की राहें
साथी बन जा मेरा
बाहों में ले के बाहें
हाथों में मेरे हाथ ला

ओ बाबू ओ लाला
मौसम देखो चला
सुन ले दिल क्या बोला
है कोई प्यार करने वाला
ओ बाबू ओ लाला
……………………………………….
O baboo o lala-Dilli ka thug, 1958

Artists: Smriti Biswas, Madan Puri, Iftekhar

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Sep 4, 2016

कितना प्यारा तुझे रब ने-राजा हिन्दुस्तानी १९९८

प्रेरणा, इंस्पिरेशन ये शब्द काफी चलन में आये जब से इन्टरनेट
पैदा हुआ. उसके पहले तक ये शब्द कभी कभार पेपर, मैग्जीन
में दिख जाते थे, ज्यादा चर्चा नहीं हुआ करती थी इन बातों पर.
फिल्म संगीत क्षेत्र में बप्पी लहरी के आगमन के बाद इन शब्दों
पर जनता का ध्यान गया. एक और शब्द का प्रयोग हुआ-कॉपी.
अन्नू मलिक का आने के बाद अधिकांश संगीत प्रेमी कॉपी शब्द
का अर्थ समझने लग गए. दूसरे संगीतकारों ने भी ऐसे कारनामे
किये मगर प्रसिद्धि ऊपर संदर्भित नामों को ज्यादा मिली.

आइये आज सुनें नुसरत फतह अली खान के एक गीत के बोलों
और धुनों पर आधारित एक फ़िल्मी गीत फिल्म राजा हिन्दुस्तानी
से. राजा हिन्दुतानी का गीत लिखा है समीर ने और धुन के क्रेडिट
हैं नदीम श्रवण को. अलका याग्निक और उदित नारायण इसे गा
रहे हैं.




फिल्म राजा हिन्दुस्तानी का गीत



गीत के बोल:

जी करे देखता रहूँ
क्या ?
कितना प्यारा तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ
ओ कितना सोना तुझे रब ने बनाया
कितना सोना तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ

तू है पागल तू है जोकर तू है दिलबर जानी
तू है पागल तू है जोकर तू है दिलबर जानी
सबसे प्यारा मेरा यारा राजा हिन्दुस्तानी

कितना प्यारा तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ
ओ कितना सोना तुझे रब ने बनाया
कितना सोना तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ

अंबर से आई है परियों की रानी
देख जिसे होती है सबको हैरानी
हो अंबर से आई है परियों की रानी
देख जिसे होती है सबको हैरानी
सुंदर सा मुखड़ा है फूलों के जैसा
होगा ना दुनिया में कोई ऐसा
कितना सीधा कितना सच्चा
मेरा राजा कितना अच्छा
मुझको तो अच्छी लगती है तेरी हर नादानी
मुझको तो अच्छी लगती है तेरी हर नादानी
सबसे प्यारा मेरा यारा राजा हिन्दुस्तानी

ओ कितना प्यारा तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ
ओ कितना सोना तुझे रब ने बनाया
कितना सोना तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ

कोयल के जैसी है तेरी ये बोली
मूरत के जैसी है सूरत ये भोली
हो कोयल के जैसी है तेरी ये बोली
मूरत के जैसी है सूरत ये भोली

बागों में जाओ ना दिल मेरा घबराए
पैरों में काँटा कोई हाय ना चुभ जाए
मैं दीवानी हो ना जाऊं
तेरी बातों में खो ना जाऊं
उड़ता बादल बहता पानी बोले रुत मस्तानी
उड़ता बादल बहता पानी बोले रुत मस्तानी
क्या ?
सबसे प्यारा मेरा यारा राजा हिन्दुस्तानी

ओ कितना प्यारा तुझे रब ने बनाया
ओ कितना सोना तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ

तू है पागल तू है जोकर तू है दिलबर जानी
सबसे प्यारा मेरा यारा राजा हिन्दुस्तानी

ओ कितना प्यारा तुझे रब ने बनाया
जी करे देखता रहूँ
जी करे देखता रहूँ

जोकर
…………………………………………………………
Kitna pyara tujhe rab ne-Raja Hindustani 1998

Artists:Aamir Khan, Karishma Kapoor

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May 22, 2016

यशोमती मैया से बोले नंदलाला-सत्यम शिवम सुन्दरम १९७८

प्रेरणा शब्द बॉलीवुड में बहुत चलन में है. चाहे वो कहानी
हो, संवाद हों, बोल हों या संगीत. अंग्रेजी शब्द-इंस्पायर
शायद हमारे कानों को ज्यादा भाता है  क्यूंकि हमें हिंदी
फिल्मों और गीतों की समीक्षा अंग्रेजी में पढ़ना सुनना
ज्यादा पसंद है, और इसे हम शान समझते हैं अपनी.
हिंदी में भावाभिव्यक्ति को भले ही बुद्धू बक्से के चैनलों ने
स्वीकार लिया हो हमारा मुख्य धारा का सिनेमा अंग्रेजियत
से न आज़ाद हो पाया है ना ही हो पायेगा कभी. होना होता
तो १०० साल हो गए फिल्म उद्योग को, कभी का हो चुका
होता.

खैर हमारा आज का मकसद आपको एक गीत और उससे
जुडी पुरानी कड़ी बतलाना है. प्रस्तुत गीत जो सन ७८ की
फिल्म में है वो एक पुरानी फिल्म के गीत की धुन की कॉपी
है. प्रेरित होना अलग बात है. सत्यम शिवम सुन्दरम के
निर्देशक राज कपूर थे. राज कपूर ने सन १९४८ की एक
फिल्म गोपीनाथ में काम किया था जो अनजानी फिल्मों में
से एक है. इस फिल्म के संगीत निर्देशक भी अनजाने से हैं-
नीनू मजूमदार.

महेश कौल द्वारा निर्देशित फिल्म गोपीनाथ में नन्द किशोर,
महेश कौल, शिवाजी राठोड, रंधीर, अनवरी बाई, ज़ुबैदा, तिवारी,
तृप्ति मिश्र और राज कपूर कलाकार थे. ये महेश कौल वही
है जिन्होंने सन १९५१ की फिल्म नौजवान का निर्देशन भी
किया. नौजवान कारदार प्रोडक्शनस की फिल्म है और उस
समय कारदार के साथ काम करना एक बड़ी बात हुआ करता
था. महेश कौल को १९५७ की फिल्म अभिमान का निर्देशन
करने का मौका भी मिला ये फिल्मिस्तान द्वारा निर्मित थी.

फिल्म सत्यम शिवम सुन्दरम का गीत पंडित नरेन्द्र शर्मा ने
लिखा है और इसे गाया है लता मंगेशकर ने. शुरुआत करते
हैं मन्ना डे इस गीत में अतः ये एक युगल गीत कहलाया.



गीत के बोल:

यशोमती मैया से बोले नंदलाला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला

बोली मुस्काती मैया ललन को बताया
कारी अंधियारी अधि रात में तू आया
लाडला कन्हैया मेरा हो लाडला कन्हैया मेरा
काली कमली वाला इसलिए काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला

बोली मुस्काती मैया सुन मेरे प्यारे
बोली मुस्काती मैया सुन मेरे प्यारे
गोरी गोरी राधिका के नैन कजरारे
काले नैनों वाली ने हो ओ ओ ओ ओ
काले नैनों वाली ने ऐसा जादू डाला इसलिए काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला

इतने में राधा प्यारी आई इठलाती
इतने में राधा प्यारी आई इठलाती
मैंने ना जादू डाला बोली बलखाती
मैया कन्हैया हो ओ ओ ओ ओ
मैया कन्हैया तेरा जग से निराला इसलिए काला
यशोमती मैया से बोले नंदलाला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
राधा क्यूँ गोरी मैं क्यूँ काला
.......................................................................
Yashomati maiya se bole nandlala-Satyam Shivam Sundaram 1978

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Oct 21, 2009

हे बाबू ये है ज़माना -भागमभाग १९५६

हिन्दी सिनेमा जगत में समय समय पर विलायती प्रभाव
देखने को मिला है। "हे बाबू ये है ज़माना " एक ऐसा ही गीत है ।
१९५४ में आए डीन मार्टिन के गीत 'माम्बो इतालिअनो ' से
काफ़ी हद तक प्रभावित ये गीत चर्चित रहा है। किशोर कुमार और
मोहम्मद रफी का युगल गीत मजरूह सुल्तानपुरी द्वारा लिखा और ओ पी
नय्यर द्वारा संगीतबद्ध है। हिन्दुस्तानी लोक संगीत का प्रयोग बहुत हुआ
है हिन्दी फ़िल्म संगीत में। इधर हम कह सकते हैं इटली का लोक संगीत
भी हिन्दी फ़िल्म संगीत में पाया जाता है।




MAMBO ITALIANO - DEAN MARTIN 1954



गाने के बोल :

हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू

गा ले तू खुशी के राग
दुनिया है भागम भाग


हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू

गा ले तू खुशी के राग
दुनिया है भागम भाग
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू

नहीं है दरद वाली
गरज की मतवाली दुनिया
फिर भी देखो तो बाबू
प्यार से नहीं है खाली ये दुनिया

नहीं है दरद वाली
गरज की मतवाली दुनिया
फिर भी देखो तो बाबू
प्यार से नहीं है खाली ये दुनिया
सुन प्यारे
कहो प्यारे
मतवाले
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग


हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग

हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू

नहीं कुछ मुश्किल
इतना लगा के दिल सुन ले
तेरा गुलज़ार है ये
तेरी ही बहार कली, सुन ले

नहीं कुछ मुश्किल
इतना लगा के दिल सुन ले
तेरा गुलज़ार है ये
तेरी ही बहार कली, सुन ले

सुन प्यारे
कहो प्यारे
मतवाले
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग


हे किशु
ये है ज़माना तेरा
हे किशु
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग

हे भग्गू
ये है ज़माना तेरा
हे भग्गू
ये है ज़माना तेरा
हे भग्गू

कहे तो जले है
तेरे कदम तले है तेरी मंजिल
छेड़ दे तराना
ये सारा ही ज़माना है तेरी महफिल

सुन प्यारे
कहो प्यारे
मतवाले
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग


हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
गा ले तू खुशी का राग
दुनिया है भागम भाग

हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू
ये है ज़माना तेरा
हे बाबू

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Jun 9, 2009

दिल देके देखो दिल देके-दिल देके देखो १९५९

ये है १९५९ की एक फिल्म का शीर्षक गीत जिसे लिखा है मजरूह ने
और धुन बनाई है उषा खन्ना ने । रफ़ी का गाया ये गीत फ़िल्माया
गया है शम्मी कपूर पर और ये अपने ज़माने का एक लोकप्रिय गीत है।
ये उषा खन्ना की बतौर संगीत निर्देशक पहली फिल्म थी।

ठीक एक साल पहले आये गीत शुगर टाइम की धुन से ये गीत प्रेरित
है. कहना पड़ेगा उषा खन्ना का म्युज़िक टेस्ट बढ़िया है। उन्होंने
मेग्वायर सिस्टर्स के उत्तम कोटि की धुन से प्रेरणा ली।
............



गाने के बोल:

दिल दे के देखो
दिल दे के देखो
दिल दे के देखो जी
दिल लेने वालों
दिल देना सीखो जी
हो, दिल लेने वालों
दिल देना सीखो जी

दिल दे के देखो…

पूछो पूछो पूछो
परवाने से ज़रा
धीरे धीरे जलने में
कैसा है मज़ा.

ओह हो हो, तुम भी दिल दे के जल जाना सीखो जी
आह हा हा, तुम भी दिल दे के जल जाना सीखो जी

कैसे?

दिल दे के देखो…

समझो समझो समझो
दीवाने की ज़बान
प्यार जो ना होता
ना होता यह जहान

ओह हो हो, तुम भी दिल दे के यह गाना सीखो जी
आह हा हा, तुम भी दिल दे के यह गाना सीखो जी

क्या?

दिल दे के देखो….
.........................................................................
Dil de ke dekho(Title)-Dil de ke dekho 1959

Artists: Shammi Kapoor, Asha Parekh

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