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Jan 30, 2020

चाहे लाख तूफ़ान आये-प्यार झुकता नहीं १९८५

तूफ़ान आयें या सुनामी आये, सच्चा प्यार कभी
घबराता नहीं है. उसे डराने के लिए तरह तरह के
सामान मौजूद हैं मगर प्रेमियों में एक अटूट बंधन
और विश्वास पैदा हो जाता है जिससे उन्हें शक्ति
मिलती है प्यार के दुश्मनों का सामना करने की.

सनते हैं सन १९८५ की मिथुन और पद्मिनी वाली
फिल्म प्यार झुकता नहीं से एक युगल गीत जिसे
लता मंगेशकर संग शब्बीर कुमार ने गाया है.

एस एच बिहारी के बोल हैं और लक्ष्मी प्यारे का
संगीत. फिल्म को लक्ष्मी प्यारे की सबसे सफल
फिल्मों में गिना जाता है.

बोल लिखने के हिसाब से ये भी कठिन गाना है.
कहीं पे हो कहीं पे हो. गीत की पंक्तियाँ सब जगह
अलग अलग सी हैं.



गीत के बोल:

मोहब्बत की तड़प ए दिल
इधर भी हैं उधर भी हैं
कहें कैसे यही मुश्किल
इधर भी हैं उधर भी है

चाहे लाख तूफां आयें
चाहे जान भी अब जाये
मुश्किल हो जीना फिर भी
पड़े जहर पीना फिर भी
मिल के न होंगे जुदा जुदा
आ कसम खा लें ये
चाहत रहेगी सदा
आ आ कसम खा लें
चाहे लाख तूफां आयें
चाहे लाख तूफां आयें
चाहे जान भी अब जाये
मुश्किल हो जीना फिर भी
पड़े जहर पीना फिर भी
मिल के न होंगे जुदा जुदा
आ कसम खा लें ये
चाहत रहेगी सदा
आ आ कसम खा लें

हमको तुम्हारे सिवा कोई चीज़ प्यारी नहीं
हमको तुम्हारे सिवा कोई चीज़ प्यारी नहीं
ज़िन्दगी के सफ़र में जरुरत पड़ी जो कहीं
है वादा तुमको छू कर के हँसते हँसते तुम पर
कर देंगे जान फ़िदा
आ कसम खा लें
कर देंगे जान फ़िदा फ़िदा
आ कसम खा लें

मिल के न होंगे जुदा
आ आ कसम खा लें

कदम हैं तुम्हारे जहाँ मेरी मंज़िलें हैं वहां
कदम हैं तुम्हारे जहाँ मेरी मंज़िलें हैं वहां
तुम्हीं तुम हो दुनिया मेरी मेरे प्यार का आसमां
सनम अब दिल पर अपने सितम हो चाहे जितने
न छोड़ेंगे राह-ए-वफ़ा
आ आ कसम खा लें
न छोड़ेंगे राह-ए-वफ़ा वफ़ा
कसम खा लें

मिल के न होंगे जुदा
आ आ कसम खा लें

ठहर जायें दो चार पल समय से कह दो ज़रा
ठहर जायें दो चार पल समय से कह दो जरा
तुम्हारी मुलाकात से अभी दिल नहीं है भरा
अभी दिल नहीं है भरा अभी दिल नहीं है भरा
ना बदले कभी ये फ़ज़ा
आ आ कसम खा लें
ना बदले कभी ये फ़ज़ा फ़ज़ा
कसम खा लें

मिल के न होंगे जुदा
आ आ कसम खा लें
ये चाहत रहेगी सदा सदा
आ आ कसम खा लें
.........................................................
Chahe laakh toofan aaye-Pyar jhukta nahin 1985

Artists: Mithun Chakravorty, Padmini Kolhapure

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Jan 21, 2020

हो दिलवर जानिया-प्यार झुकता नहीं १९८५

किसी फ़िल्मी कहानी में ५-६ गाने तो होना ही चाहिए.
बिना गानों के फिल्म पचती नहीं है. ये पाचक चूर्ण
का काम करते हैं. शायद यही सोच है हमारे फिल्मकारों
की जो कहानी की मांग के नाम पर यहाँ वहाँ गाने
ठूंस देते हैं.

कुछ हमारी भी आदत हो चली है गाने के बिना फिल्म
नहीं सुहाती. फिल्म तो सिनेमा घर में या दूसरे माध्यम
पर १-२ बार देखना है मगर गाने कभी भी सुने जा सकते
हैं और ये मनोरंजन के प्रमुख साधनों में आज भी हैं.

एक और युगल गीत सुन लेते हैं जिसे हमने आपके
लिया चुना है फिल्म प्यार झुकता नहीं से. इस गीत के
गीतकार/संगीतकार हैं एस एच बिहारी/लक्ष्मी प्यारे.
लता मंगेशकर और शब्बीर कुमार से इसे गवाया गया
है. बोल लिखे के लिहाज से गाना कठिन है. नेट पर
पसरी हुई ढेर सारी कॉपी पेस्ट साईट पर इसके बोल
अंट शंट मिलेंगे आपको. अब ये बात गूगल के मकड़े
यानि कि crawler के भी समझ आना चाहिए.

गीत में लक्ष्मी प्यारे की एक और हिट फिल्म का
नाम आता है, ज़रा ढूंढिए.



गीत के बोल:

हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
रुठने मनाने में न बीते ये जवानियाँ
हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
रुठने मनाने में ना
रुठने मनाने में ना बीते ये जवानियाँ
हो हो हो हो दिलवर

यही दिन तो अपने हँसने गाने के दिन हैं
मोहब्बत के वादे निभाने के दिन हैं
हाय मोहब्बत के वादे निभाने के दिन हैं
हाय मैं सदके जाऊं तेरे
तोड़ न बलमा दिल को मेरे
छोड़ न अधूरी सैयां
छोड़ न अधूरी सैयां प्यार की कहानियां

हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
हो हो हो हो दिलवर

बिना तेरे जी के ज़ुल्मी का मैं करूंगी
बिना तेरे जी के ज़ुल्मी का मैं करूंगी
बिरहा की अग्नि में जल के मरूँगी
कैसे कटेंगे दिल बिरहन के
रात डसेगी नागन बन के
याद हमको आयेगी जब
याद हमको आयेगी जब तेरी मेहरबानियां

हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
रुठने मनाने में न बीते ये जवानियाँ
हो हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
ओ ओ ओ ओ ओ दिलवर

फ़िर भी अगर तू न माना तो
बन के रहा जो बेगाना तो
खत्म हुआ ये अफसाना तो
कदमों में तेरे मर जाउंगी
हो रसिया मर जाउंगी हो
हो ओ ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलवर जाणियां
रुठने मनाने में ना
रुठने मनाने में ना बीते ये जवानियाँ
हो ओ ओ ओ दिलवर
ओ दिलबर जानिया
ओ ओ ओ ओ ओ दिलवर
………………………….
Ho dilvar jaaniya-Pyar jhukta nahin

Artists: Mithun, Padmini Kolhapure

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Jan 20, 2020

तुमसे मिल कर ना जाने १-प्यार झुकता नहीं १९८५

सन १९८५ की फिल्म प्यार झुकता नहीं का शायद
सबसे प्रसिद्ध गीत है ये. मिथुन चक्रवर्ती ने सबसे
ज्यादा फ़िल्में की रंजीता के साथ. सन १९७९ की
तराना से शुरू हुआ ये सिलसिला काफी फिल्मों
तक चला.

कुछ एक घरेलू फिल्मों में मिथुन शोमा आनंद के
साथ भी दिखाई दिए. जागीर फिल्म में मिथुन की
जोड़ी शोमा आनंद के साथ है. ये फिल्म सन १९८४
में आई थी. जागीर एक बहुसितारा फिल्म थी मगर
ज्यादा चली नहीं.

प्यार झुकता नहीं फिल्म में कलाकारों की संख्या
थोड़ी कम है मगर फिल्म काफी चर्चित हुई. कहानी
में थोड़ी कसावट है और गाने कैची धुन पर बने
हुए. फार्मूला वही पुराना है-गरीब नायक और अमीर
नायिका. नायिका के माँ/बाप की दखलंदाजी. इसमें
नायिका के बाप की भूमिका डैनी ने निभाई है और
इसके लिए उनकी काफी सराहना हुई.

प्रस्तुत गीत एस एच बिहारी का लिखा हुआ है और
इसे लता संग शब्बीर कुमार ने गाया है.



गीत के बोल:

तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
और भी कुछ याद आता है
याद आता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
और भी कुछ याद आता है
याद आता है
आज का अपना प्यार नहीं हैं
आज का अपना प्यार नहीं हैं
जन्मों का ये नाता है
नाता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ

हो प्यार के कातिल प्यार की दुश्मन
लाख बनी ये दुनिया दीवानी
हो हमने वफ़ा की राह ना छोड़ी
हमने तो अपनी हार ना मानी
उस मोड़ से भी हम गुज़रे हैं
जिस मोड़ पे सब लुट जाता है
लुट जाता है

तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
और भी कुछ याद आता है
याद आता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ

एक तेरे बिना इस दुनिया की
हर चीज अधूरी लगती है
तुम पास हो कितने पास मगर
नज़दीकी भी दूरी लगती है
प्यार जिन्हें हो जाये उन्हें
कुछ और नज़र कब आता है
कब आता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
और भी कुछ याद आता है
याद आता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ

मर के भी कभी जो ख़त्म ना हो
ये प्यार का वो अफ़साना है
तुम भी तो हमारे साथ चलो
लो हमको वहाँ तक जाना है
वो झूम के अपनी धरती से
आकाश जहां मिल जाता है
मिल जाता है

तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
और भी कुछ याद आता है
याद आता है
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
तुमसे मिल कर ना जाने क्यूँ
……………………………………………
Tumse mil kar na jaane kyun-Pyar jhukta nahin 1985

Artists: Mithun Chakravorty, Padmini Kolhapure

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Oct 25, 2019

तुम्हें अपना साथी बनाने से पहले-प्यार झुकता नहीं १९८५

मिथुन चक्रवर्ती की सबसे सफल और हिट फिल्मों में से
एक है-प्यार झुकता नहीं. फिल्म में यूँ तो कलाकार बहुतेरे
हैं मगर आपको केवल तीन ही दिखलाई देंगे-मिथुन, पद्मिनी
और डैनी.

शब्बीर कुमार के जो गीत प्रसिद्ध हुए उनमें भी ये गीत काफी
सुना हुआ गीत है. जनता आज भी इसे चाव से सुन लेती है.
लाता मंगेशकर और शब्बीर कुमार का गाया ये गीत लिखा है
एस एच बिहारी ने और इसका संगीत लक्ष्मीकांत प्यारेलाल की
देन है.

गीत क्या है अपने आप में कहानी है. फिल्म का सारांश आपको
केवल इस एक गीत से समझ आ जायेगा. गरीबी हीरो और
अमीर हीरोईन, ये कोम्बिनेशन एक सिद्ध फार्मूला है हिंदी फ़िल्मी
दुनिया का. इस पर बनी अधिकाँश फ़िल्में हिट हुई हैं. वैसे
भी फिल्म के निर्माता के सी बोकाडिया हैं जिन्हें शायद कोई
जादुई छड़ी हाथ लग गयी थी फिल्म हिट करने की. फिल्म के
निर्देशक हैं विजय सदाना. विजय बृज सदाना के भाई हैं.




गीत के बोल:

हजारों आंधियां आयें हजारों बिजलियाँ चमकें
कभी साथी को तनहा राह में छोड़ा नहीं करते

तुम्हें अपना साथी बनाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
तुम्हें अपना साथी बनाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
मोहब्बत की दुनिया बसाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
तुम्हें अपना साथी बनाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है

कहाँ से मैं लाऊंगा रेशम की साडी
ये बंगला ये मोटर नहीं ला सकूंगा
मेरा दिल ही बस एक मेरी मिल्कियत है
जो चाहो तो बस मैं यही दे सकूंगा
मगर दिल की धडकन सुनाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
तुम्हें अपना साथी बनाने से पहले
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
मेरी जान मुझको बहुत सोचना है
....................................................................
Tumhen apna sathi banana ke pehle-Pyar khukta nahin 1985

Artists: Mithun Chakravorty, Padmini Kolhapure, Danny Dengzongpa

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Sep 10, 2018

दुश्मन-ए-जां को हम-नागमणि १९९१

नब्बे के दशक से एक और लोकप्रिय गीत सुनते हैं.
इसे लिखा है संतोष आनंद ने और इसकी तर्ज़ बनाई
है अन्नू मलिक ने. इसे गाया है शब्बीर कुमार और
अनुराधा पौडवाल ने.

सन १९९१ की फिल्म नागमणि कई लोगों ने सिर्फ
शिखा स्वरुप की वजह से ही देखी थी. जैसा कि हम
सब जानते हैं ये फिल्म भले ना चली हो इसके गाने
हमें खूब सुनने को मिले लंबे समय तक.




गीत के बोल:

ओय ओय हो ओय ओय हो
ओय होय हो ओय होय हो
दुश्मन-ए-जां को
दुश्मन-ए-जां को हम हम अपनी जां बना बैठे
ओ चुपके चुपके हो चुपके चुपके
ओय ओय हो ओय ओय हो
दिल बना बैठे
दिल बना बैठे तुम्हें अपना ख़ुदा बना बैठे
ओ चुपके चुपके हो चुपके चुपके
दुश्मन-ए-जां को हम हम अपनी जां बना बैठे
ओ चुपके चुपके चुपके चुपके

ओ ओ ओ ओ ओ ओ ओ
ओ ओ ओ ओ ओ ओ ओ
प्यार पर किसका ज़ोर चलता है
हर क़दम पर ये दिल मचलता है
प्यार पर किसका ज़ोर चलता है
हर क़दम पर ये दिल मचलता है
प्यार पर किसका ज़ोर चलता है
हर क़दम पर ये दिल मचलता है
हो हर क़दम पर ये दिल मचलता है
दिल की राहों में
ओय होय हो ओय होय हो
दिल की राहों में हम आशियां बना बैठे
हो चुपके चुपके हाय चुपके चुपके

ओ ओ हो हो ओ ओ ओ ओ
अपनी आवाज़ है पहाड़ों में
एक गर्मी है अब तो जाड़ों में
अपनी आवाज़ है पहाड़ों में
एक गर्मी है अब तो जाड़ों में
अपनी आवाज़ है पहाड़ों में
एक गर्मी है अब तो जाड़ों में
हो एक गर्मी है अब तो जाड़ों में
आँखों आँखों में
ओय होय हो ओय होय हो
आँखों आँखों में हम दास्तां सुना बैठे
ओ चुपके चुपके चुपके चुपके
दिल बना बैठे
दिल बना बैठे तुम्हें अपना ख़ुदा बना बैठे
ओ चुपके चुपके हो चुपके चुपके
………………………………………………..
Dushman-e-jaan ko ham-Naagmani 1991

Artists: Sumeet Saigal

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Mar 11, 2018

गोरी का साजन-आखिरी रास्ता १९८३

फिल्मों से हम कुछ ना कुछ सीखते आये हैं चाहे वो काम की
बात हो या गालियाँ. दृश्य श्रव्य माध्यम का असर इतना गहरा
है कि आज आम आदमी जिसे GDP की परिभाषा नहीं पता वो
भी इसके परसेंटेज के घट-बढ़ पर बात करने लगा है.

फिल्म आखिरी रास्ता से एक गीत सुनते हैं जिससे हमने कुछ
अनूठे शब्द सीखे-माका नाका गो. कुछ कुछ ऐसा है जैसे ताजा
ताजा अंग्रेजी सीखने वाला पास्ट टेंस के लिए’ आई वाज़ गो’
का इस्तेमाल करे.

गीत आनंद बक्षी का है जिसे एस जानकी संग शब्बीर कुमार
ने गाया है. धुन लक्ष्मी प्यारे की है.



गीत के बोल:

ऐ गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रही है मेरी हीरोइन
हीरो का दिल कर के चोरी
गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रही है मेरी हीरोइन
हीरो का दिल कर के चोरी

माका नाका गो माका नाका गो
रोको न मुझे टोको न मुझे
देखो न मुझे छेड़ो न मुझे
मेरे संग मत करो जोरा जोरी

गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रही है मेरी हीरोइन
हीरो का दिल कर के चोरी

अपनी इस लव स्टोरी में कोई विलन न आ जाये
अपनी इस लव स्टोरी में कोई विलन न आ जाये
अपनी प्रेम तपस्या में कोई विघ्न न आ जाये
अपनी प्रेम तपस्या में कोई विघ्न न आ जाये
दिल की पतंगें नयनों की डोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रही है मेरी हीरोइन
हीरो का दिल कर के चोरी

गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रही है मेरी हीरोइन
हीरो का दिल कर के चोरी
माका नाका गो माका नाका गो
माका नाका नाका नाका

याद करो तो फ़िल्मों में क्या क्या सीन दिखाते हैं
क्या क्या सीन दिखाते हैं
याद करो तो फ़िल्मों में क्या क्या सीन दिखाते हैं
लेट के बातें करते हैं दौड़ के गाना गाते हैं
लेट के बातें करते हैं दौड़ के गाना गाते हैं
दौड़ के गाना गाते हैं
मैं पीछे भागा तू आगे दौड़ी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रहा है मेरा हीरो
हीरोईन का दिल कर के चोरी
गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रहा है मेरा हीरो
हीरोईन का दिल कर के चोरी

माका नाका गो नाका नाका गो
रोको न मुझे टोको न मुझे
देखो न मुझे छेड़ो न मुझे
मेरे संग मत करो जोरा जोरी

हे गोरी का साजन साजन की गोरी
लो जी शुरू हो गयी लव स्टोरी
तररम पमपम
वो जा रहे हैं हीरो हीरोइन
एक दूजे का दिल कर के चोरी
वो जा रहे हैं हीरो हीरोइन
एक दूजे का दिल कर के चोरी
…………………………………………………
Gori ka sajan-Aakhiri rasta 1983

Artists: Amitabh, Sridevi

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Feb 28, 2018

याद तेरी आयेगी-एक जान हैं हम १९८३

सन १९८३ की एक फिल्म जिसे देखने का सौभाग्य प्राप्त हुआ
इस वजह से कि जो फिल्म देखने गए थे उसकी टिकटें बिकना
बंद हो चुकी थीं. समय का सदुपयोग करना था इसलिए दूसरे
सिनेमा हॉल में घुस गए जिसमें ये फिल्म चल रही थी.

सुनते हैं इस फिल्म से एक गीत राजीव कपूर और दिव्या राणा
पर फिल्माया गया जिसे शब्बीर कुमार ने गाया है. इसे फिल्म
का शीर्षक गीत भी कह सकते हैं हम.




गीत के बोल:

याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी
याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी
ज़िद ये झूठी तेरी मेरी जान ले के जाएगी
याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी
ज़िद ये झूठी तेरी मेरी जान ले के जाएगी
याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी

तेरा साथ छूटा टूटा दिल तो ये जाना
कितना है मुश्क़िल दिल से यार को भुलाना
दिल का हमेशा से है दुश्मन ज़माना
ग़म ये है तूने मुझे ना पहचाना
ना पहचाना

याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी
ज़िद ये झूठी तेरी मेरी जान ले के जाएगी
याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी

बुझ गया सूरज जले चाँद तारे
नज़रें धुंआँ हैं धुंआँ सारे नज़ारे
मुझे दिल लगाने की क्या तूने सज़ा दी
बिना सोचे समझे दिल की दुनिया जला दी
दुनिया जला दी

याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी
ज़िद ये झूठी तेरी मेरी जान ले के जाएगी
याद तेरी आयेगी मुझको बड़ा सतायेगी

हँस के सहूँगा सारे दुनिया के ये ग़म
मर भी गया तो होगा प्यार नहीं कम
छीन ले तुझे जो मुझसे किसमें है ये दम
तन से जुदा हैं तो क्या एक जान हैं हम
एक जान हैं हम एक जान हैं हम

याद मेरी आयेगी तुझको बड़ा सतायेगी
ज़िद ये झूठी तेरी मेरी जान ले के जाएगी
याद मेरी आयेगी तुझको बड़ा सतायेगी
....................................................
Yaad teri aayegi(male)-Ek jaan hain ham 1983

Artists: Rajeev Kapoor, Divya Rana

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Jan 2, 2018

अपने दिल से बड़ी दुशमनी-बेताब १९८२

फिल्म बेताब के लिए धर्मेन्द्र की इच्छा थी कि रफ़ी के गाने हों
मगर ऐसा हो ना सका. अगर ये फिल्म सन १९८० के पहले बनी
होती तो शायद संभव होता रफ़ी की आवाज़ वाले गीत इसमें होते.

रफ़ी के अवसान के बाद जिस गायक ने सबसे पहले उस रिक्त स्थान
को भरने की चेष्टा की वो है शब्बीर कुमार. या यूँ कहें संगीतकारों
को रफ़ी की याद निरंतर आती रही और उन्होंने शब्बीर कुमार से
गाने गवाना शुरू कर दिया.

आज सुनते हैं शब्बीर का एक लोकप्रिय गीत. ये एक युगल गीत है
जिसमें लता मंगेशकर की आवाज़ भी है. फिल्म का ये गीत लिखा
है आनंद बक्षी ने और इसके संगीतकार हैं राहुल देव बर्मन.



गीत के बोल:

अपने दिल से बड़ी दुशमनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
अपने दिल से बड़ी दुशमनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
अपने दिल को जला के रोशनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
अपने दिल को जला के रोशनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
अपने दिल से बड़ी दुशमनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की

तुमने अच्छा सहारा दिया
बेसहारा मुझे कर दिया
कल गले से लगाया मुझे
आज ठुकरा दिया बेवफ़ा
आज ठुकरा दिया बेवफ़ा
तुमने अच्छी सनम दिल्लगी की
किसलिये मैंने ठुमसे दोस्ती की

अपने दिल से बड़ी दुशमनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की

आस्माँ बन गयी ये ज़मीं
मेरे हमदम मेरे हमनशीं
तुमने देखी मेरी बेरुखी
बेबसी मेरी देखी नहीं
बेबसी मेरी देखी नहीं
मैं हूँ तसवीर इक बेकसी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की

अपने दिल को जला के रोशनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की

हर खुशी बस फराई हुई
मेरी दुश्मन खुदाई हुई
मुझको अफ सोस है प्यार में
मुझसे ये बेवफ़ाई हुई
मुझसे ये बेवफ़ाई हुई
मैंने तुमपे फ़िदा ज़िंदगी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की

अपने दिल को जला के रोशनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
अपने दिल से बड़ी दुशमनी की
किसलिये मैंने तुमसे दोस्ती की
................................................................
Apne dil se badi dushmani-Betaab 1982

Artists: Sunny Deol, Amrita Singh

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Oct 24, 2017

जब लड़की सीटी बजाए-धर्म अधिकारी १९८६

सीटी हिट्स के अंतर्गत आने वाला एक गीत सुनिए. सीटी एक
नेचुरल आवाज़ है जो कई प्राणियों के मुख से सुनाई देती है.
लड़का लड़की दोनों इसे बजने में सक्षम हैं, हाँ ये बात और है
लड़के इसका ज्यादा प्रयोग करते हैं. इसका अधिकारिक प्रयोग
सवारी बसों में किया जाता है या परेड, पी टी एक्सरसाईज़ में
इसका प्रयोग होता है.

गीत है सन १९८६ की फिल्म धर्म अधिकारी से जिसे इन्दीवर
ने लिखा और बप्पी लहरी ने संगीत से संवारा. आशा भोंसले
संग शब्बीर कुमार ने इसे गाया है.गीत के की-वर्ड्स कुछ यूँ
हैं-मामला गडबड है.



गीत के बोल:

जब लड़की सीटी बजाये और लड़का छत पर आए
जब लड़की सीटी बजाये और लड़का छत पर आए
ताका झांकी दोनों में हो जाए तो समझो
मामला गड़बड़ है मामला गड़बड़ है

जब लड़का नज़रें मिलाये फिर भी लड़की मुस्काए
जब लड़का नज़रें मिलाये फिर भी लड़की मुस्काए
खुला खुली आपस में हो जाए तो समझो
मामला गड़बड़ है मामला गड़बड़ है

आंगन से गलियन में गलियन से बगियन में
जब दोनों मिलने लगे हो ओ ओ ओ ओ ओ
बिन कारण बिन बोले आहट से ही
जब दोनों खिलने लगें हो ओ ओ ओ ओ ओ
जब लड़का आँखें डाले और लड़की आँचल सम्भाले
जब लड़का आँखें डाले और लड़की आँचल सम्भाले
देखा देखी दोनों में हो जाए तो समझो
मामला गड़बड़ है मामला गड़बड़ है

अपनों से भागे जब बिस्तर पे जागे जब
तकिये से लिपटे रहे हो ओ ओ ओ ओ ओ
आने में टकराए जाने में टकराए
दोनों ही सिमटे रहे हो ओ ओ ओ ओ ओ
जब लड़की चूड़ी खनकाये और लड़का कमरे में आ जाये
जब लड़की चूड़ी खनकाये और लड़का कमरे में आ जाये
छेड़ा छेड़ी दोनों में हो जाए तो समझो
मामला गड़बड़ है मामला गड़बड़ है
मामला गड़बड़ है मामला गड़बड़ है
...........................................................
Jab ladki seeti bajaye-Dharam adhikari 1986

Artists: Jeetendra, Sridevi

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Jun 30, 2017

जब हम जवां होंगे-बेताब १९८३

जब हम जवान होंगे जाने कहाँ होंगे-आसमान में या खजूर
पर, फर्स्ट फ्लोर पर या ग्राउंड फ्लोर पर, जहाँ भी होंगे, मगर
फ़रियाद करेंगे. प्यार का जज़्बा ही कुछ ऐसा है कि समय,
स्थान से उसे कोई मतलब नहीं, भावनाएं सर्वोपरि होती हैं.

सुना जाए फिल्म बेताब से फिल्म का सबसे ज्यादा बजने
वाला गीत. फिल्म अपने समय की एक बड़ी हिट फिल्म
है. सनी देवल और अमृता सिंह की जोड़ी वाली ये फिल्म
दोनों की पहली फिल्म है.

लता मंगेशकर और शब्बीर कुमार के गाये इस युगल गीत
को लिखा है आनंद बक्षी ने और धुन है पंचम की.



गीत के बोल:

जब हम जवां होंगे जाने कहाँ होंगे
लेकिन जहाँ होंगे वहाँ फ़रियाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे

ये बचपन का प्यार अगर खो जाएगा
दिल कितना खाली खाली हो जाएगा
तेरे ख़यालों से इसे आबाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे

ऐसे हँसती थी वो ऐसे चलती थी
चाँद के जैसे छुपती और निकलती थी
सबसे तेरी बातें तेरे बाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे

तेरे शबनमी ख्वाबों की तस्वीरों से
तेरी रेशमी ज़ुल्फों की ज़ंजीरों से
कैसे हम अपने आप को आज़ाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे

जहर जुदाई का पीना पड़ जाए तो
बिछड़ के भी हमको जीना पड़ जाए तो
सारी जवानी बस यूँ ही बरबाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे

जब हम जवां होंगे जाने कहाँ होंगे
लेकिन जहाँ होंगे वहाँ फ़रियाद करेंगे
तुझे याद करेंगे तुझे याद करेंगे
………………………………………………………….
Jab ham jawan honge-Betaab 1982

Artists: Sunny Deol, Amrita Singh

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Jun 26, 2017

दिल बेकरार था-तेरी मेहरबानियाँ १९८५

बेकरारी बड़ी बुरी चीज़ है. दिल पाने की हसरत हो या किसी
बिल को पाने की, बड़ी तकलीफ देती है. आदमी का वन पॉइंट
प्रोग्राम हो जाता है-किसी भी तरह हासिल किया जाए. 

ब्लॉग के अदृश्य पाठकों को समर्पित है आज का ये गीत. गोवा
से कोई बड़ा बेकरार है कुछ ही समय में इसे पूरा कॉपी कर लेने
के लिए.

प्रस्तुत गीत फिल्म तेरी मेहरबानियाँ से लिया गया है. आप यूट्यूब
पर ये टाइप करें-kutte ki meherbaniyan और आपको जवाब में
Teri meherbaniyan के लिंक प्राप्त होंगे. यूट्यूब स्मार्ट हो चला है.
फिल्म का डौगी बड़ा प्यारा और क्यूट है.

गीत जैकी श्रोफ और पूनम ढिल्लों पर फिल्माया गया है और इसे
अनुराधा पौडवाल संग शब्बीर कुमार गा रहे हैं. एस एच बिहारी
के बोल हैं और लक्ष्मी प्यारे का संगीत.



गीत के बोल:

दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
पास हैं तू फिर भी क्यूँ तेरा इंतज़ार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
पास हैं तू फिर भी क्यूँ तेरा इंतज़ार है

दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
पास हैं तू फिर भी क्यूँ तेरा इंतज़ार है

हो बात ये समझ अपने आती नहीं
हो दिलों की तड़प क्यूँ हाय जाती नहीं है
तुम जब यहीं हो हम जब यहीं हैं
हो तुम जब यहीं हो हम जब यहीं हैं
हो खोज में किसकी खोयी खोयी ये बहार है

दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है

हो चलते चलोगे माना मुश्किल है मंजिल
मजधार में भी कभी मिलता है साहिल
तूफ़ान तो उठेंगे पीछे हम न हटेंगे
तूफ़ान तो उठेंगे पीछे हम न हटेंगे
हो थोडा सा गम है साथी खुशी बेशुमार है

दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है

सबकी जुबान पे होगी अपनी दास्तां
प्यार के दीवाने कब मरते हैं यहाँ
सबकी जुबान पे होगी अपनी दास्तां
प्यार के दीवाने कब मरते हैं यहाँ
अपने ही तराने गायेंगे यहाँ
याद करेगा हमको सारा जहाँ
हो प्यार पे अपने हमको पूरा ऐतबार है

दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
पास हैं तू फिर भी क्यूँ तेरा इंतज़ार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
दिल बेक़रार था दिल बेक़रार है
………………………………………………………..
Dil bekarar tha-Teri meherbaniyan 1985

Artists: Jackie Shroff, Poonam Dhillon

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Mar 25, 2017

प्यार किया नहीं जाता हो जाता है-वो सात दिन १९८३

जैसे बुखार अपने आप आ जाता है वैसे ही प्यार भी अपने आप
हो जाता है. कैसे जाने के लिए इस गीत को ध्यान से सुन लें.
मसला वही है मगर अंदाज़-ऐ-बयां अलग हट के है. बॉलीवुड
के संगीत पर हम चर्चा करते हैं तो ‘अलग हट के’ जुमले का
प्रयोग बारम्बार करते हैं.

गीत फिल्माया गया है बोनी कपूर के छोटे भाई और अभिनेत्री
जो आप देख रहे हैं वो हैं आज की प्रसिद्ध नायिका श्रद्धा कपूर
की मौसी. आनंद बक्षी के बोलों को सुरों में पिरोया है संगीतकार
जोड़ी लक्ष्मीकांत प्यारेलाल ने. आनंद बक्षी इसके गीतकार हैं
और लाता मंगेशकर संग शब्बीर कुमार ने इसे गाया है.




गीत के बोल:

प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है
प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है

प्यार पे जोर नहीं कोई नींदें हजारों ने खोयी
आ कर दिल की बातों में लंबी लंबी रातों में
प्रेमी जागते रहते हैं इसलिए तो कहते हैं
के प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है
प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है

दिल का बंधन ऐसा है दिल का बंधन ऐसा है
हाल न पूछो कैसा है
जान हमारी जाती है याद तुम्हारी आती है
याद तुम्हारी आती है
आँख से आंसू बहते हैं इसलिए तो कहते हैं
प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है

इन झूलों के मौसम में इन फूलों के मौसम में
इन झूलों के मौसम में इन फूलों के मौसम में
कांटे प्यार चुभोता है दर्द जिगर में होता है
हंस के हम सब सहते हैं इसलिए तो कहते हैं
के प्यार किया नहीं जाता हो जाता है
दिल दिया नहीं जाता खो जाता है
........................................................
Pyar kiya nahin jaata-Wo saat din 1983

Artists: Anil kapoor, Padmini Kolhapure

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Mar 24, 2017

प्यार किया है प्यार करेंगे-इलज़ाम १९८६

क्या आप जानते हैं कम्पूटर की किन कुंजियों का सबसे ज्यादा
प्रयोग होता है नेट पर-कंट्रोल + सी और कंट्रोल + एस. ब्राउज़र
के मेनू में सबसे ज्यादा प्रयोग होने वाला आप्शन है-सेव एज़
हमारे देश में पुराना चलन है-किसी ने ५० ग्राम सूखे धनिये
का सब्जी पर प्रभाव विषय पर डॉक्टरेट की हुई होगी  तो उसी
को थोडा बदल कर अगला विषय होगा-५१ ग्राम धनिये का सब्जी
पर प्रभाव. ऐसे कर के १०० ग्राम के भार तक आपको ढेर सारी
थीसिस मिल जायंगी.

छोडिये ये सब, अगला गीत सुनते हैं. आखिर हमारे कुछ समर्पित
पाठक  कंट्रोल + एस का प्रयोग करने को बेताब हैं. गोविंदा और
नीलम पर फिल्माया गया गीत फिल्म इलज़ाम से है जिसमें दो
प्रेमी अपने प्रेम पर गर्व करते हुए जनता से कुछ यूँ मुखातिब हैं
ये भाव आप केवल फिल्मों में देख सकते हैं, सामान्य जीवन में
आम तौर पर इसकी कल्पना ही करना संभव है.





गीत के बोल:

ऐ प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
अरे प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दिल दिया दिल लिया तो बुरा क्या किया
हे प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी

छुप के गुनाह तो दुनिया करे प्यार के सर इलज़ाम लगे
अरे छुप के गुनाह तो दुनिया करे प्यार के सर इलज़ाम लगे
चाल पे चाल ज़माना चले तोहमत यार के नाम लगे
हाँ अब तो भ्रम ये टूट चुका है अब तो भ्रम ये टूट चुका है
दुनिया ये दुनिया है कैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दिल दिया दिल लिया तो बुरा क्या किया
हाँ प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी

प्यार का क्यूँ कोई मोल करे प्यार तो प्यार है सौदा नहीं
प्यार का क्यूँ कोई मोल करे प्यार तो प्यार है सौदा नहीं
यार का प्यार खरीदे यहाँ ऐसा हुआ कोई पैदा नहीं
अपने लहू का सौदा करे ये अपने लहू का सौदा करे ये
दुनिया ये दुनिया है ऐसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दिल दिया दिल लिया तो बुरा क्या किया हाँ हाँ हाँ
हाँ प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी

प्यार पे ज़ुल्म तो होते रहे आज नहीं सदियों से यहाँ
प्यार पे ज़ुल्म तो होते रहे आज नहीं सदियों से यहाँ
प्यार ये मर के भी जिंदा रहे प्यार मिटाये मिटा है कहाँ
ऐ सूली चढा दे जिंदा जला दे सूली चढा दे जिंदा जला दे
ज़ुल्मों की परवाह है कैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दुनिया ये दुनिया है ऐसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दिल दिया दिल लिया तो बुरा क्या किया हाँ हाँ हाँ
हे प्यार किया है प्यार करेंगे दुनिया से अब तो हम ना डरेंगे
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
दुनिया की ऐसी की तैसी अरे दुनिया की ऐसी की तैसी
……………………………………………………………
Pyar kiya hai pyar karenge-Ilzaam 1986

Artists: Govinda, Neelam, Prem Chopda, Rajkiran, Anita Raj

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Mar 16, 2017

गली गली मैंने तुझे ढूँढा-महा शक्तिमान १९८५

अभिनेत्री मीनाक्षी शेषाद्रि ने सभी किस्म की फिल्मों में
काम किया उनमें पेंटर बाबू जैसी क्लासिक फ़िल्में भी
शामिल हैं. वो तो भला हो संगीतकार का जिसने अच्छी
धुनें बनाईं वरना फिल्म और भी बड़ी क्लासिक साबित
होती.

फिल्म महा शक्तिमान के प्रमुख कलाकार हैं राज बब्बर
और मीनाक्षी. इनके अलावा उल्लेखनीय कलाकारों में
प्रदीप कुमार, डैनी और रणजीत हैं.

किसी किसी गाने में संगीत बोलों से बेहतर सुनाई देता
है. इसका भी कुछ ऐसा ही हाल है. आशा भोंसले और
शब्बीर कुमार ने इसे गाया है. इन्दीवर के बोल हैं और
बप्पी लहरी का संगीत. गाना शायद फ्रंट बेंचर्स को ही
ध्यान में रख के बनाया गया है. फिल्म के साथ ३-डी
चश्मा भी दिया गया था. चीज़ें उड़ उड़ के दर्शकों के
बीच आ जाती थीं. गाने में आर डी बर्मन खेमे से कुछ
संगीत के कीटाणु घुस गए से लगते हैं.




गीत के बोल:

हे गली गली
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना
मेरे सामने तेरी सूरत अब क्या किसी की जरुरत
तुझे पा कर ऐसा लगा है कुछ और नहीं कुछ पाना
हे गली गली हू हू
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना

ए आ हा हो ओ हो
मस्ती आ हा चढ़ गई आ हा तेरे ही रूप की
कैसा आ हा नाशा आ हा डोलूं मैं झूमती
मौसम प्यारा ये प्यारा नज़ारा फिर भी कोई कमी है
मेरी बाहें ख़ाली ख़ाली बाहों में तू जो नहीं
आँहों में भर गई दिल में उतर गई
दिल हुआ मस्ताना

गली गली हे हे
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना
मेरे सामने तेरी सूरत अब क्या किसी की जरुरत
तुझे पा कर ऐसा लगा है कुछ और नहीं कुछ पाना

अरे गली गली
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना

ए ए आ हा
चन्दा आ हा तारा आ हा मांगे तो दे दूं सनम
चंदा आ हा ठण्डा आ हा तारा बहुत ही गरम
औरों से भागे ओ दिल तुझे मांगे
दे दे तू दिल ओ सनम हाँ
आ भी जाने दो वक़्त आने दो दे देंगे सब तुमको हम
ख्वाबो की मंज़िल दुनिया का हासिल है तुझको पाना

गली गली हे आ
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना
मेरे सामने तेरी सूरत अब क्या किसी की जरुरत
तुझे पा कर ऐसा लगा है कुछ और नहीं कुछ पाना

अरे गली गली ए
गली गली मैंने तुझे ढूँढा सनम ढूँढा सनम
अब मिला है तेरा ठिकाना
अब मिला है तेरा ठिकाना
अब मिला है तेरा ठिकाना
अब मिला है तेरा ठिकाना
आ हा हा हा आ हा हा हा
………………………………….
Gali gali maine tujhe dhoondha sanam-Maha Shaktiman 1985

Artists: Raj Babbar, Meenakshi Sheshadri

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Feb 18, 2017

सारी दुनिया का बोझ-कुली १९८३

सन १९८३ की फिल्म कुली अमिताभ की बड़ी हिट फिल्मों में
गिनी जाती है. सुनते हैं इस फिल्म से एक गीत शब्बीर कुमार
का गाया हुआ. आनंद बक्षी इसके गीतकार हैं और इसका संगीत
लक्ष्मी प्यारे की मेंहरबानी से तैयार हुआ है.

मनमोहन देसाई निर्देशित इस फिल्म ने कुली के पेशे को ग्रेस
अवश्य प्रदान किया होगा. फिल्म सभी आवश्यक फ़िल्मी मसालों
से भरपूर है.



गीत के बोल:

सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
उठाते हैं बोझ उठाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
लोग आते हैं लोग जाते हैं
हम यहाँ पे खड़े रह जाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं

चार का काम एक का दाम है
चार का काम एक का दाम है
ख़ून मत पीजिये और कुछ दीजिये
एक रुपया है कम हम ख़ुदा की क़सम
बड़ी मेहनत से रोटी कमाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं

थोड़ा पानी पिया याद रब को किया
भूख भी मिट गई प्यास भी बुझ गई
थोड़ा पानी पिया याद रब को किया
भूख भी मिट गई प्यास भी बुझ गई
काम हर हाल में नाम को साल में
ईद की एक छुट्टी मनाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं

जीना मुश्किल तो है अपना भी दिल तो है
दिल में अरमान हैं हम भी इन्सान हैं
जीना मुश्किल तो है अपना भी दिल तो है
दिल में अरमान हैं हम भी इन्सान हैं
जब सताते है गम ऐश करते हैं हम
जब सताते है गम ऐश करते हैं हम
बीड़ी पीते हैं और पान खाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
लोग आते हैं लोग जाते हैं
हम यहाँ पे खड़े रह जाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
सारी दुनिया का बोझ हम उठाते हैं
.......................................................
Sari suniya ka bojh ham uthate hain-Coolie 1983

Artists: Amitabh Bachcan, Rati Agnihotri

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Feb 2, 2017

बोल दो मीठे बोल सोणिये-सोहनी महीवाल १९८४

प्रसिद्ध ऐतिहासिक प्रेम कथाओं में से एक, सोहनी महीवाल
के ऊपर दो फ़िल्में बन चुकी हैं. एक श्वेत श्याम युग में
सन १९५८ में बनी थी जिसके निर्देशक रजा नवाथे हैं.
भारत भूषण और निम्मी इसके प्रमुख कलाकार हैं. दूसरी
बनी सन १९८४ में भारत और सोवियत संघ के संयुक्त
प्रयासों से.  इसमें सनी देवल और पूनम ढिल्लों मुख्य
भूमिकाओं में हैं.

फिल्म से एक गीत सुनते हैं आशा भोंसले और शब्बीर
का गाया हुआ. आनंद बक्षी का लिखा गीत है और इस
गीत की धुन बनाई है अन्नू मलिक ने. गौरतलब है
अन्नू मलिक की इससे पहले उल्लेखनीय फिल्म थी पूनम
जिसकी अभिनेत्री भी संयोग से पूनम ढिल्लों ही थीं.



गीत के बोल:

नाम ख़ुदा का ले ज़रा
सबक शुरू कर बिस्मिल्लाह
फूल कहो या चाँद सितारे
खेल खिलौने प्यारे प्यारे
मिट्टी से बने हम सारे

बोल दो मीठे बोल सोणिये
भेद दिलों के खोल सोणिये
अरे बोल दो मीठे बोल सोणिये
भेद दिलों के खोल सोणिये
हो ओ ओ
सोने का है मोल सोणिया
मिट्टी है अनमोल सोणिया
सोने का है मोल सोणिया हाय
मिट्टी है अनमोल सोणिया
हो ओ ओ
बोल दो मीठे बोल सोणिये
भेद दिलों के खोल सोणिये

जी करता है इस मिट्टी से
अपने दिल का मैं घड़ा बनाऊँ
जी करता है इस मिट्टी से
अपने दिल का मैं घड़ा बनाऊँ
मीठा चनाब का पानी इस में भर लाऊँ
तेरी प्यास बुझाऊँ परदेसिया
बैठ तू मेरे कोल सोणिये हाय
बैठ तू मेरे कोल सोणिये

हो ओ ओ
बोल दो मीठे बोल सोणिया
भेद दिलों के खोल सोणिया

जी करता है इस मिट्टी से
तेरे जैसा बुत एक बनाऊँ
जी करता है इस मिट्टी से
तेरे जैसा बुत एक बनाऊँ
सजदे उसको कर कर के मैं आज मुसलमान
से क़ाफ़िर हो जाऊँ अरे सोणिये
तौबा कर तौबा
मुँह से क़ुफ़्र न बोल सोणिया
मुँह से क़ुफ़्र न बोल सोणिया

हो ओ ओ
बोल दो मीठे बोल सोणिया
भेद दिलों के खोल सोणिया

जी करता है इस मिट्टी से
तेरे लिये मैं घर एक बनाऊँ
इस दुनिया से दूर कहीं तुझको ले जाऊँ
देख सके न तुझको कोई छू सके
चल फिर मिट्टी घोल सोणिया हाय
चल फिर मिट्टी घोल सोणिया

अरे बोल दो मीठे बोल सोणिया हाय
भेद दिलों के खोल सोणिया
......................................................
Bol do meethe bol soniye-Sohni Mahiwal 1984

Artists: Sunny Deol, Poonam Dhillon

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Jan 12, 2017

ज़िन्दगी की यही रीत है २-मिस्टर इंडिया १९८७

किशोर कुमार के गाये सबसे लोकप्रिय इंस्पिरेशनल गीतों
में से एक हमने सुना जो फिल्म मिस्टर इण्डिया में है.
इस गीत का धीमा तर्जुमा आज सुनते हैं. छोटा सा गीत
है ये. शब्बीर कुमार इसके गायक हैं.

खोना पाना के शब्दों के साथ ही उम्मीद की किरण भी
बाकी रखी गयी है इस गीत में. जावेद अख्तर गीतकार
हैं और लक्ष्मी प्यारे संगीतकार. शेखर कपूर निर्देशित
फिल्मों में मासूम, मिस्टर इण्डिया और बैंडिट क्वीन
हिंदी सिनेमा की सबसे प्रभावशाली फिल्मों में से एक है.
निरंतरता अगर रही होती उनके काम में तो आज जो
हम बड़े बड़े नाम सुनते हैं फिल्म उद्योग में निर्देशन के
क्षेत्र में उन सबको वे मीलों पीछे छोड़ चुके होते. उनके
निर्देशन में सहजता एक बहुत स्ट्रोंग एलिमेंट है. फिल्म
मासूम में ये एलिमेंट कूट कूट कर भरा हुआ है. इसके
अलावा मासूम में कलाकार भी अव्वल दर्जे के हैं. सही
मायने में अनिल कपूर के अभिनय को मांजने वाली
फिल्म यही है.



गीत के बोल:

खेलते-खेलते एक तितली ना जाने कहाँ खो गयी
एक नन्ही किरण क्यूँ अँधेरे में यूँ सो गयी
सबकी आँखों में फ़रियाद है
सबके दिल में तेरी याद है
तू नहीं है तेरी प्रीत है
जिन्दगी की यही रीत है
.............................................................................
Zindagi ki yahi reet hai(sad)-Mr. India 1987

Artist: Anik Kapoor

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Aug 6, 2016

आना जाना लगा रहेगा १-गिरफ्तार १९८५

आइये सुनें बप्पी की बनाई एक मधुर धुन फिल्म गिरफ्तार
से. अमिताभ बच्चन, रजनीकांत और कमल हासन इस फिल्म
के प्रमुख कलाकार हैं. प्रस्तुत गीत गाया जा रहा है एक जेल
में जिसमें वे एक दूसरे की उपस्थिति से अनजान हैं. गीत की
आवाज़ से उन्हें समझ आता है दोनों एक ही जगह हैं मगर एक
दूसरे से मिल नहीं सकते.

ये गीत फिल्म आई थी उस समय काफी बजा करता था इस
फिल्म के दूसरे गीत की तरह-धूप में निकला न करो. गीत
बप्पी लहरी संग शब्बीर कुमार ने गाया है.



गीत के बोल:


आना जाना लगा रहेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा

आना जाना लगा रहेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा
करेगा जो भी भलाई के काम
उसका ही नाम रह जायेगा
आना जाना लगा रहेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा
करेगा जो भी भलाई के काम
उसका ही नाम रह जायेगा
मेरे दिल मेरे प्यार
मेरे दिल मेरे प्यार
दुःख जायेगा सुख आयेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा

मन के जीते जीत तुम्हारी
मन के हारे हार मेरे प्यार
खतरों के आगे तुम ना करना
हार कभी स्वीकार मेरे प्यार
तूफ़ान बुझा ना पायेगा विश्वास के दिए
दुःख जायेगा सुख आयेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा

मेरे दिल मेरे प्यार
मेरे दिल मेरे प्यार
दुःख जायेगा सुख आयेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा

मौत नहीं अपने बस में
जीना तो है अपने हाथ मेरे प्यार
ऐसे मुस्काते हुए जीना
गम को देना मात मेरे प्यार
आज को ना खोना बीते कल के लिए
दुःख जायेगा सुख आयेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा
आना जाना लगा रहेगा
दुःख जायेगा सुख आयेगा
करेगा जो भी भलाई के काम
उसका ही नाम रह जायेगा
……………………………………………………………
Aana jaana laga rehega-Giraftaar 1985

Artists;Amitabh Bachchan, Kamal Hasan

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Jul 27, 2016

झील रखूँ कमल रखूँ-तीसरा किनारा १९८६

आज कुछ अजीब सा है वाकई. आज तीसरा शब्द से ४-५ फ़िल्में
याद आ गयी हैं. तीसरी मंजिल, तीसरी कसम, तीसरा कौन और
तीसरा किनारा.

आइये शाम का दूसरा गीत सुनें जिसे शब्बीर कुमार ने गाया है.
शब्बीर के गाये उम्दा गीतों में शुमार है ये. इसे गाने में हालंकि
शब्बीर को काफी मेहनत करनी पड़ी होगी. समीर ने गीत लिखा
है जिसकी धुन बनाई है श्याम सागर ने.

गीत की विशेषता है इसमें आपको बाप-बेटी दोनों नज़र आयेंगे –
जगदीश राज और अनीता राज. जगदीश राज गीत के दो अंतरे
के बाद दिखाई देते हैं उनके साथ पेंटल के दर्शन फ्री हैं गीत में.

अनीता राज अपनी समकालीन काफ़ी सारी अभिनेत्रियों से बेहतर
अभिनय कर लिया करती थीं. इस गीत में उनके एक्सप्रेशंस
कमाल के हैं. हर नायिका के कुछ विशेष गीत होते हैं जिसमें उनके
भाव एक्टिंग से बहुत ऊपर स्तर पर पहुँचते हैं. 




गीत के बोल:

झील रखूँ कमल रखूँ
झील रखूँ कमल रखूँ के जाम रखूँ
तेरी आँखों का क्या नाम रखूँ
झील रखूँ कमल रखूँ के जाम रखूँ
तेरी आँखों का क्या नाम रखूँ

सावन आह भरे घटा झुक जाये
धूप छुप जाये कहीं छाँव रुक जाये
सावन आह भरे घटा झुक जाये
धूप छुप जाये कहीं छाँव रुक जाये
घटा रखूँ छाँव रखूँ
हो हो घटा रखूँ छाँव रखूँ कि शाम रखूँ
तेरी ज़ुल्फ़ों का क्या नाम रखूँ

झील रखूँ कमल रखूँ के जाम रखूँ
तेरी आँखों का क्या नाम रखूँ

सुर्ख होंठों पे हँसी ऐसे खिल जाये
भोर की पहली किरण जैसे मुस्काये
सुर्ख होंठों पे हँसी ऐसे खिल जाये
भोर की पहली किरण जैसे मुस्काये
कली रखूँ किरण रखूँ
हो हो कली रखूँ किरण रखूँ गुल्फ़ाम रखूँ
तेरे होंठों का क्या नाम रखूँ

झील रखूँ कमल रखूँ के जाम रखूँ
तेरी आँखों का क्या नाम रखूँ
झील रखूँ कमल रखूँ के जाम रखूँ
तेरी आँखों का क्या नाम रखूँ
...........................................................
Jheel rakhoon-Teesra kinara 1986

Artists: Raj Babbar, Anita Raj

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Mar 11, 2016

आदमी दीवाना है ऐतबार करता है-प्रेम तपस्या १९८३

आज आपको एक फिलोसोफिकल गीत सुनवाते हैं. ये है
फिल्म प्रेम तपस्या से. गीत के गायक हैं शब्बीर कुमार
जिनका कोई गीत सुने हमें अरसा हो गया है. शानदार
गीत है ये जिसके बोल लिखे हैं आनंद बक्षी साहब ने.
बक्षी जी ने जीवन दर्शन पर काफी सारे महत्वपूर्ण गीत
लिखे हैं उन पर विस्तार से किसी पोस्ट में चर्चा करेंगे.

गीत जीतेन्द्र और रेखा पर फिल्माया गया है. इस जोड़ी
ने कई हिट गीत दिए हैं ८० के दशक में. कई से मतलब
२००-३०० से नहीं है. थोड़े हैं मगर उनमें से अधिकतर
जनता की पसंद के हैं.

रोज इंसान सोता है तो उसे पता नहीं होता सुबह आँख
खुलेगी या नहीं फिर भी गुरूर करता है, झूठ बोलता है,
चोरी करता है. 



गीत के बोल:

आदमी दीवाना है ऐतबार करता है
आदमी दीवाना है ऐतबार करता है
वक्त भी कभी किसी का इंतज़ार करता है
आदमी दीवाना है ऐतबार करता है

थोड़ी सी हकीकत है थोडा सा फ़साना है
और क्या है जिंदगी और क्या ज़माना है
और क्या है जिंदगी और क्या ज़माना है
आदमी दीवाना है दीवाना है
आदमी दीवाना है ऐतबार करता है

आँख खोली जी उठे बंद की तो मर गए
आँख खोली जी उठे बंद की तो मर गए
अच्छे बुरे सारे दिन एक दिन गुजर गये
एक सवारी आई थी एक सवारी जायेगी
ज़िंदगी जो लायी थी मौत ले के जायेगी
ज़िंदगी जो लायी थी मौत ले के जायेगी
आदमी दीवाना है दीवाना है

जीने के लिए खुशी तो बहुत ज़रूरी है
जीने के लिए खुशी तो बहुत ज़रूरी है
थोडा सा जो गम नहीं तो हर फुसी अधूरी है
एक दिन मर्ज़-ए-गम खुद मसीहा बन गया
दर्द इतना बढ़ गया के दर्द दवा बन गया
दर्द इतना बढ़ गया के दर्द दवा बन गया
आदमी दीवाना है दीवाना है

क्या जनाजा होता है क्या बारात होती है
क्या जनाजा होता है क्या बारात होती है
लोग जमा होते हैं एक ही बात होती है
पनघट से मरघट तक साथ मेला जायेगा
जो अकेला आया है आया है
जो अकेला आया है वो अकेला जायेगा
जो अकेला आया है वो अकेला जायेगा
जो अकेला आया है वो अकेला जायेगा
..........................................................................
Aadmi deewana hai-Prem tapasya 1983

Artists:  Jeetendra, Rekha

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